जगतपुर (रायबरेली)। कोतवाली क्षेत्र में बृहस्पतिवार को संदिग्ध हालात में पुजारी की मौत हो गई। वे देर रात तक श्रीमद्भागवत कथा की तैयारी में लगे थे। अचानक हालत बिगड़ने पर उन्हें अस्पताल ले जाया गया। लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनकी मौत हो गई। बड़े बेटे ने उनकी हत्या की आशंका जताई है।
जगतपुर कस्बा निवासी जितेंद्र त्रिपाठी (50) घरों में जाकर पूजा-पाठ का काम करते थे। उनके नेतृत्व में कस्बे के प्राथमिक विद्यालय के मैदान में शुक्रवार से श्रीमद्भागवत कथा शुरू होनी थी। बृहस्पतिवार की देर रात तक पुजारी कार्यक्रम की तैयारियों में जुटे थे। रात करीब 10.30 बजे वह बाइक से घर के लिए निकले। रात लगभग 11.30 बजे धोता ताल स्थित मकान बनवा रहीं तारादेवी के पास पुजारी गंभीर हालत में पहुंचे। उनके मुंह से झाग निकल रहा था।
सूचना पर आई एंबुलेंस से पुजारी को सीएचसी ले जाया गया, जहां डॉक्टर लाइक अहमद ने मृत घोषित कर दिया। सूचना पर पत्नी उर्मीसा त्रिपाठी, बड़े बेटे गौरव अस्पताल पहुंचे। अचानक हुई मौत से घरवालों का रो-रोकर हाल बेहाल है। छोटा बेटा सौरभ गुजरात में रहता है। बड़े बेटे गौरव ने हत्या के आशंका जताई है। थाना प्रभारी अजय कुमार राय ने बताया कि शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। रिपोर्ट आने के बाद मौत की सही वजह सामने आएगी।