रायबरेली में शुक्रवार को सलोन ब्लाॅक के गोठिया गांव में मृतक शैलेंद्र के परिजनों से बात करते पू
डीह (रायबरेली)। सलोन कोतवाली क्षेत्र के गोठिया गांव में युवक की मौत के तीन दिन बाद परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार किया। मामले में जब पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य मौक पर पहुंचे और परिजनों की बात की, उसके बाद परिजन शव के अंतिम संस्कार के लिए तैयार हुए। इस दौरान पीड़ित परिवार को पूर्व मंत्री ने आर्थिक सहायता दी और एसडीएम ने आवास और कृषि भूमि देने का आश्वासन दिया।
गत तीन नवंबर को पूर्व ग्राम गोठिया निवासी शैलेंद्र कुमार मौर्य अपने भाई के साथ निमंत्रण में पूरे उपरहितन मजरे डेडौली गांव गया था। जहां मारपीट की गई, जिसमें शैलेंद्र की इलाज के दौरान मौत हो गई थी। मामले में पुलिस ने आरोपी प्रशांत तिवारी के खिलाफ मामला दर्ज किया था। परिजनों ने आरोप लगाया कि घटना में तीन लोग और शामिल थे और उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज नहीं किया गया। इस कारण परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार करने से इंकार कर दिया था। बृहस्पतिवार को आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर हंगामा भी किया गया था।
वहीं, उपजिलाधिकारी मिथलेश त्रिपाठी और सलोन कोतवाल जेपी सिंह के समझाने के बावजूद परिजनों ने अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया और शव दरवाजे के बाहर रखा रहा। शुक्रवार को पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य गांव पहुंचे और उन्होंने पीड़ित परिवार से बात की। उनके समझाने पर परिजन माने और शाम को मृतक शैलेंद्र के शव का अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने मृतक की पत्नी सुनीता को 50 हजार और मृतक के पिता को भी 50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी।
वहीं, उपजिलाधिकारी मिथलेश त्रिपाठी ने आवासीय और कृषि के लिए जमीन देने का अश्वासन दिया। इस मौके पर सलोन सी ओ के अलावा डीह,ऊंचाहार, जगतपुर की पुलिस मौजूद रही। साथ ही सलोन ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि संतोष कुशवाहा, ग्राम प्रधान प्रतिनिधि अजय कुमार, सत्रोहन सहित अन्य लोग मौजूद रहे।