लखनऊ। लविवि के फार्मा संकाय का अब अपना ठिकाना होगा। बुधवार को हुई भवन व कार्यसमिति की बैठक में फार्मा संकाय के नए भवन का प्रस्ताव पास हो गया। कक्षाएं, लैब आदि युक्त भवन के निर्माण में करीब 25 करोड़ रुपये की लागत आएगी। अब तक यह नवीन परिसर के इंजीनियरिंग विभाग में चल रहा था। नया भवन भी नवीन परिसर में ही बनाया जाएगा। जल्द ही संकाय के भवन का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।
कोरोना काल से फार्मा क्षेत्र की बढ़ी डिमांड के बाद लविवि में गत सत्र से बीफार्मा और डीफार्मा पाठ्यक्रम की शुरुआत हुई थी। संकाय का अपना भवन न होने के चलते अभी यह इंजीनियरिंग विभाग में ही चलाया जा रहा है। कक्षाओं से लेकर लैब आदि संसाधनों का वहीं पर इस्तेमाल किया जा रहा है। अब फार्मा संकाय का अपना नया ठिकाना मिल गया है। कुलपति प्रो. आलोक कुमार राय की अध्यक्षता में हुई भवन व कार्यसमिति की बैठक में फार्मा संकाय के भवन निर्माण का प्र्रस्ताव परित कर दिया गया। कक्षाएं, लैब आदि के निर्माण में करीब 25 करोड़ रुपये का खर्च आएगा। फार्मा संकाय के पास अब स्वयं की क्लास व लैब होगी। इसके अलावा बैठक में मालवीय सभागार के नवीनीकरण का प्रस्ताव भी पारित किया गया। करीब 2.88 करोड़ रुपये की लागत से मालवीय सभागार का नवीनीकरण किया जाएगा। वहीं एपीसेन सभागार को एक थिएटर का रूप देने की योजना है। सभागार में बालकनी के साथ ही नवीनीकरण भी किया जाएगा। इसके बाद लविवि में होने वाले अधिकतर सांस्कृतिक आयोजन इसी सभागार में होंगे। करीब 3.54 करोड़ रुपये की लागत से इसका नवीनीकरण किया जाएगा।
अंग्रेजी विभाग का भी होगा अपना सभागार
बैठक में अंग्रेजी विभाग में एक सभागार के निर्माण का प्रस्ताव भी पारित किया गया है। इसके निर्माण में करीब 71 लाख रुपये की लागत आएगी। वहीं व्यापार प्रशासन विभाग में भी एक नए सभागार के प्रस्ताव को मंजूर किया गया है। यहां पर एक पुराना बोर्ड रूम था। इसकी लागत करीब 59.5 लाख रुपये है। सभी हॉल आधुनिक ऑडियो-वीडियो सुविधाओं से भी सुसज्जित होंगे। दोनों विभाग के छात्र अपनी विभिन्न गतिविधियों के लिए सभागार का प्रयोग कर सकेंगे। वहीं बैठक में विभिन्न विभागों, शिक्षक आवासों, भवनों के मरम्मत, रंगाई और विद्युत कार्य संबंधी अन्य प्रस्तावों को भी पारित किया गया।