राजधानी में बालाघाट उपकेंद्र इलाके के 15 हजार लोगों की बिजली तड़के गुल हो गई। सुबह-सुबह बिजली और पानी न मिलने से नाराज लोग उपकेंद्र पर हंगामा करने पहुंच गए।
लेकिन ऑपरेटर ने 220 केवी उपकेंद्र पर आई तकनीकी खराबी की बात बताई तो लोग वापस चले गए।
दूसरी ओर बुद्धेश्वर मार्ग एवं खदरा में ट्रांसफार्मर के चक्कर में लोगों को बिजली संकट का सामना करना पड़ा। बालाघाट उपकेंद्र सुबह 7:15 बजे ठप हो गया।
इसके चलते बालागंज, कैंपवेल रोड, यासीनगंज, एकतानगर, हरदोई रोड, सरफराजगंज, गौशाला रोड, हरीनगर, रस्तोगीनगर, जनरैलगंज, अंबरगंज, आजादनगर एवं कैटिल कॉलोनी आदि इलाकों की बिजली गुल हो गई।
बिजली गायब होते ही जलापूर्ति ठप हो गई। पौन घंटे तक लोगों ने बिजली आने की राह देखी।
इसके बाद 40-50 लोग उपकेंद्र पर जा धमके और बिजली चालू करने की मांग करने लगे।
ऑपरेटर ने 220 केवी हरदोई रोड उपकेंद्र में खराब ब्रेकर के ठीक होने पर बिजली चालू होने का आश्वासन दिया।
इसके बाद लोग लौट गये। एक्सईएन आशुतोष श्रीवास्तव ने बताया कि ब्रेकर की खराबी 9:45 बजे दूर करके आपूर्ति बहाल कर दी गई।
दूसरी ओर मोहान रोड के बुद्धेश्वर चौराहे के पास शाम को 630 केवीए का ट्रांसफार्मर जल गया। इससे इलाके में रात 9:30 बजे तक अंधेरा पसरा रहा।
इलाके के कर्मचारी ट्राली ट्रांसफार्मर की व्यवस्था करने में जुटे रहे। सीतापुर रोड पर खदरा में रविवार रात को 400 केवी का ट्रांसफार्मर खराब होने के कारण रात भर बत्ती गुल रही।
इसी इलाके में सोमवार शाम को 7 से 9 बजे तक बिजली कटी रही। नगराम क्षेत्र में 10 गांवों की बीते शुक्रवार रात से बिजली ठप है।
यह बिजली संकट आंधी से 11 केवी लाइन के क्षतिग्रस्त होने से पैदा हुआ था। इससे नगराम कस्बा और भदोही सहित आसपास के इलाकों में बिजली सकंट रहा।
इलाकाई लोगों के मुताबिक अधिशासी अभियंता से शिकायत की तो उनका जवाब था मध्यांचल निगम के स्टोर में पोल एवं तार नहीं है। जब स्टोर एवं तार मिलेगा तब लाइन को सही कर दिया जाएगा।