लखनऊ। सुशांत गोल्फ सिटी थानाक्षेत्र में पीओपी कारीगर सुनील यादव (35) की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। परिजनों ने हत्या का आरोप लगाया है, जबकि पुलिस कारीगर की मौत को आत्महत्या या बीमारी बता रही है। परिजनों ने पुलिस पर पोस्टमार्टम कराने में देरी का आरोप लगाया है।
बलरामपुर के गालिबपुर निवासी सुनील एक हफ्ते पहले लखनऊ आए थे। वह कृष्णानगर में रिश्तेदार के घर रहकर सुशांत गोल्फ सिटी स्थित प्राइवेट अस्पताल में पीओपी का काम कर रहे थे। इंस्पेक्टर अंजनी कुमार ने बताया कि सुनील मंगलवार रात शहीद पथ के पास संदिग्ध हालात में पड़े मिले। उनको सिविल अस्पताल ले गए, वहां उनकी मौत हो गई।
सुनील के साले अजय यादव ने बताया कि बुधवार को पुलिस ने शव मिलने की सूचना दी थी। वह लोग जब थाने पहुंचे तो बताया गया कि शव सिविल अस्पताल की मॉर्च्यूरी में रखा है। बृहस्पतिवार सुबह शव पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए भेजा। साले ने पुलिस पर पंचायतनामा और पोस्टमार्टम में देरी का आरोप लगाया है।