पेट्रोल और डीजल पर स्थायी चोट के लिए तैयार हो जाइए।
सरकार इन दोनों ही उत्पादों पर 0.25 फीसदी वैट बढ़ाने जा रही है। कैबिनेट की बैठक में वैट की दर में बदलाव संबंधी प्रस्ताव पर मुहर लग सकती है।
बृहस्पतिवार को होने वाली कैबिनेट की बैठक में कई और अहम प्रस्तावों पर मुहर लग सकती है। देश के अन्य राज्यों की अपेक्षा यूपी में वैट अधिक लिया जा रहा है।
विधानसभा चुनाव से पहले सपा ने अपने घोषणा पत्र में वादा दिया था कि सत्ता में आने के बाद वैट की दरें अन्य राज्यों के समान की जाएंगी, लेकिन अब इसे कम करने की जगह बढ़ाने की तैयारी है।
सूत्रों का कहना है कि वैट बढ़ाने से प्रदेश को 100 करोड़ रुपये की अतिरिक्त आय होने की संभावना है। यह अतिरिक्त कर अवस्थापना विकास निधि में जाएगा।