माल-इटौंजा मार्ग पर शव रखकर प्रदर्शन करते सोनी के परिजन।
माल। पिपरी गांव निवासी सोनी वर्मा का शव बुधवार दोपहर दो बजे पोस्टमार्टम हाउस से घर पहुंचने के बाद उनके भाई दीपक व अन्य मायके वाले आक्रोशित हो गए। उन्होंने माल-इटौंजा मार्ग पर शव रखकर प्रदर्शन किया। वे आरोपी पति व ससुराल वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने और गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे। इस दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस में झड़प भी हुई। पुलिस ने चार लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर आरोपी पति व प्रदर्शन कर रहे दो लोगों को हिरासत में ले लिया।
सोनी वर्मा ने मंगलवार को फंदा लगा लिया था। उनके भाई बीकेटी के रुदही गांव निवासी दीपक ने बहनोई दीपक, उसकी मां छोटकन्नी, बड़े भाई कैलाश और बहन राजकुमारी पर दहेज के लिए हत्या का आरोप लगाते हुए तहरीर दी थी। बृहस्पतिवार को सोनी का शव गांव पहुंचा तो मायके पक्ष की महिलाएं एक दूसरे का हाथ पकड़कर सड़क पर खड़ी हो गईं। इससे माल-इटौंजा मार्ग पर जाम लग गया। सूचना पर इंस्पेक्टर नवाब अहमद पुलिस कर्मियों के साथ पहुंचे और परिवार को समझाने का प्रयास किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच हाथापाई हुई। प्रदर्शन के दौरान स्कूल बस और कार सवार दो मरीज भी जाम में फंस गए। किसी तरह से पुलिस ने बस और मरीजों को वहां से निकाला।
शाम चार बजे आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने का आश्वासन देने पर लोगों ने प्रदर्शन खत्म कर दिया। इंस्पेक्टर के मुताबिक दीपराज, सास छोटकन्नी, जेठ कैलाश और ननद राजकुमारी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। दीपराज और प्रदर्शन कर रहे दो अन्य लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
मामी का आरोप आठ दिनों से की जा रही थी पिटाई
सोनी की मामी रूपरानी का आरोप है कि आठ दिनों से दीपराज दहेज के लिए सोनी की पिटाई कर रहा था। मंगलवार को दीपराज ने सोनी को बहन के घर जाते समय रोका और पिटाई कर घर ले गया। पूजा ने बताया कि उनकी बहन ने आठ वर्ष पहले परिवार की मर्जी के खिलाफ जाकर दीपराज से आर्य समाज मंदिर में शादी की थी।
माल-इटौंजा मार्ग पर शव रखकर प्रदर्शन करते सोनी के परिजन।
माल-इटौंजा मार्ग पर शव रखकर प्रदर्शन करते सोनी के परिजन।