फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लखनऊ में शिवसेना नेता संजय राउत पर पार्टी कार्यकर्ता ने फेंकी स्याही

Tue, 04 Oct 2016 08:45 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, लखनऊ
विज्ञापन
लखनऊ में संजय राउत - फोटो : amar ujala
विज्ञापन
लखनऊ आए शिवसेना नेता संजय राउत पर कुछ युवकों ने स्याही फेंक दी। बताया जा रहा है क‌ि आरोपी युवक पार्टी कार्यकर्ता हैं। इस घटना के बाद इन युवकों की जमकर धुनाई हुई। प‌िटाई से एक की हालत गंभीर है उसका ट्रामा में इलाज चल रहा है।
विज्ञापन

मंगलवार को संजय लखनऊ में मौजूद थे। वह एयरपोर्ट से हजरतगंज के वीआईपी गेस्ट हाउस की तरफ आ रहे थे। गेट पर पहुंचते ही उन पर क‌िसी ने स्याही फेंक दी। इस बारे में संजय राउत ने कहा क‌ि मैं पता करने की कोशिश कर रहा हूं कि क्या हुआ था। हमें देखना पड़ेगा कि स्याही फेंकने वाला कौन था।
सूत्रों के मुताबिक शिवसेना का यूपी में कोई ऑफिशियल राज्य प्रमुख नहीं है। वहीं श‌िवसेना के कोऑर्ड‌िनेटर द‌िनेश शुक्ला अपने साथ अनिल सिंह को लेकर चलते हैं और उन्हें राज्य प्रमुख बताते हैं। इन्हीं सब बातों को लेकर शिवसैनिकों का एक कोऑर्डिनेटर ग्रुप नाराज रहता है। सूत्रों की मानें तो स्याही का टारगेट कोई और था।
विज्ञापन


वहीं खुद को यूपी का राज्य प्रमुख कहने वाले बीएन शुक्ला के मुताब‌िक संगठन के लोग अन‌िल स‌िंह को तवज्जो म‌िलने से नाराज हैं। उन्होंने कहा, निष्कासित अनिल सिंह को प्रमुख बना दिया। हमें पता भी नहीं।

उन्होंने कहा, उद्धव ठाकरे के लिए मेरे मन में कोई सम्मान नहीं। वह देखते नहीं क‌ि उनकी पार्टी का प्रवक्ता निकाले गए आदमी के साथ बैठा है। अनिल सिंह को राष्ट्रीय प्रमुख ने निष्कासित किया है। संजय राउत को इस बात का सम्मान करना चाह‌िए था। अनिल सिंह को अपने साथ नहीं बैठाना चाहिए था।

स्याही फेंकने वाले आपके ही साथी थे, इस पर उन्होंने जवाब दिया कि शिवसेना में मैं 1989 से हूं। जिसने चोरी की है वो भी मेरा साथी है, जिसने स्याही फेंकी वो भी मेरा साथी है, जिसने मार खाई वो भी मेरा साथी है, जिसने मारा वो भी मेरा साथी है। 
विज्ञापन


जब पूछा गया क‌ि स्याही फेंकने वाले आपके गुट के असंतुष्ट साथी थे? इस पर उन्होंने कहा क‌ि असंतुष्ट तो मेरे गुट के लोग थे ही नहीं। 

एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा क‌ि उद्धव ठाकरे ने क‌िसी गुट को मान्यता नहीं दी है। जरूरत पड़ी तो हम अलग पार्टी बना लेंगे।


 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें