मांगों के समर्थन में नारेबाजी करते हुए मीटर रीडर
लखनऊ। आउटसोर्स मीटर रीडरों ने आवाज उठाई है कि स्मार्ट मीटर लगने से उनके बेरोजगार होने से परिवार भुखमरी की कगार पर पहुंच रहे हैं। पावर कार्पोरेशन प्रबंधन को उन्हें दूसरे कार्यों में समायोजित करना चाहिए। प्रबंधन 20 नवंबर तक इस पर फैसला नहीं लेगा तो वे शक्ति भवन का घेराव करेंगे।
मीटर रीडरों ने उत्तर प्रदेश पावर कार्पोरेशन निविदा/संविदा कर्मचारी संघ की बृहस्पतिवार को सिंगारनगर में आयोजित बैठक में यह चेतावनी दी। प्रदेश महामंत्री देवेंद्र कुमार पांडेय ने कहा, यूपी में स्मार्ट मीटर लगने से 10 वर्ष से अधिक समय से काम कर रहे मीटर रीडर बेरोजगार हो रहे हैं। इन्हें न्यूनतम वेतन के हिसाब से सैलरी नहीं दी जा रही है। इसके अलावा ईपीएफ के मद में काटी रकम को जमा नहीं किया जा रहा है।