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केजीएमयू का मामलाः न्यूरो सर्जरी की ओटी में महिला कर्मी से छेड़खानी, शिकायत पर नौकरी से हटाया

Wed, 05 Dec 2018 12:07 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
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डेमो
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केजीएमयू के न्यूरो सर्जरी विभाग के ऑपरेशन थिएटर में महिला संविदा कर्मचारी से अभद्रता का मामला सामने आया है। महिला कर्मचारी ने शिकायत की तो उसे नौकरी से भी हटा दिया गया है। महिला कर्मचारी ने चौक कोतवाली में तहरीर दी जिस पर देर शाम पुलिस ने टेक्नीशियन के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।
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इस मामले को लेकर संविदाकर्मियों और नियमित कर्मचारियों के बीच लकीर खिंच गई है। दोनों एक-दूसरे का विरोध करने लगे हैं।  पुलिस को दी गई तहरीर में महिला कर्मचारी ने बताया है कि वह केजीएमयू में कार्यरत निजी कंपनी के जरिए ओटी सहायक के पद पर कार्यरत थी।

कई दिनों से यहां कार्यरत ओटी टेक्नीशियन उसके साथ अभद्रता कर रहा था। आरोप है कि टेक्नीशियन उसे नियमित कराने का झांसा देकर अकेले में बुलाता था। सोमवार दोपहर भी उसने अभद्रता की तो महिला कर्मचारी ने विरोध किया। इस पर उसने महिला कर्मचारी की पिटाई कर दी।
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उसके साथ दो अन्य नियमित कर्मचारियों ने भी पीटा। इस दौरान महिला कर्मचारी ने शोर मचाया तो अन्य कर्मचारी मौके पर पहुंचे। हालांकि मंगलवार को आरोप लगाने वाली उस महिला कर्मचारी को हटा दिया गया। जिस कंपनी के तहत वह कार्यरत थी, उसके सुपरवाइजर ने बुलाया और केजीएमयू प्रशासन का फैसले से उसे अवगत कराते हुए उसे हटाने का फरमान सुनाया।
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संविदा व नियमित कर्मी आमने-सामने

- फोटो : डेमो
इसके बाद महिला कर्मचारी शाम को चौक कोतवाली पहुंची। अन्य आउटसोर्सिंग कर्मचारियों के साथ  पीड़िता ने न्यूरो सर्जरी विभाग के ओटी टेक्नीशियन व दो अन्य कर्मचारियों के खिलाफ तहरीर दी है। प्रभारी निरीक्षक उमेश श्रीवास्तव ने बताया कि पीड़िता की तहरीर पर टेक्नीशियन अमित के खिलाफ छेड़छाड़ का केस दर्ज कर लिया गया है। आरोपी की तलाश की जा रही है। 
 
इस मामले को लेकर संविदा व नियमित कर्मचारी आमने-सामने आ गए हैं। संविदाकर्मी लामबंद हो गए हैं। उनका कहना है कि नियमित कर्मचारी आए दिन संविदाकर्मियों का उत्पीड़न करते हैं। शिकायत के बाद भी केजीएमयू प्रशासन नियमित कर्मचारियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं करता है।
 
संविदा कर्मियों को हटाकर पूरे मामले पर पर्दा डाल दिया जाता है। केजीएमयू में आए दिन महिलाओं से छेड़खानी के मामले सामने आ रहे हैं। केजीएमयू प्रशासन इस पर जांच बैठाता है और कुछ दिन बाद मामला रफा-रफा हो जाता है। 

अभद्रता के संबंध में नहीं मिला कोई पत्र 
न्यूरो सर्जरी विभाग में मारपीट, अभद्रता के संबंध में कोई पत्र नहीं मिला है। शिकायत मिलने पर संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। विश्वविद्यालय परिसर में किसी तरह की अनुशासनहीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जहां तक संविदाकर्मी को हटाने का सवाल है तो यह अधिकार उसे नियुक्त करने वाली एजेंसी का है। केजीएमयू आउटसोसिंग में किसी भी कर्मचारी को नाम से नहीं लेता बल्कि संख्या केअनुसार प्राप्त करता है। - प्रो. संतोष कुमार, मीडिया प्रभारी 
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