घोड़े की उत्तपत्ति उत्तरी अमेरिका में नहीं बल्कि भारतीय उपमहाद्वीप में हुई थी।
राजधानी के बीरबल साहनी इंस्टीट्यूट ऑफ पालियोबॉटनी (बीएसआईपी) के वैज्ञानिकों ने जम्मू-कश्मीर और गुजरात में मिले लाखों वर्ष पुराने जीवाश्म के अध्ययन से यह निष्कर्ष निकाला है।
अमेरिका के दो विश्वविद्यालयों ने भी इस शोध को सही माना है। बीएसआईपी के वरिष्ठ वैज्ञानिक और निदेशक प्रो. सुनील बाजपेई ने यह शोध अमेरिका की नार्थ-ईस्ट ओहियो मेडिकल यूनिवर्सिटी और स्टोनी ब्रुक यूनिवर्सिटी के साथ मिलकर किया।
ओहियो यूनीवर्सिटी की प्रो. लिसा नॉएल कूपर और प्रो. बाजपेई की यह शोध रिपोर्ट आठ अक्तूबर को अंतरराष्ट्रीय जर्नल प्लस वन में प्रकाशित हुई है।