फ्लैट या प्लॉट के एवज में आपने आवास विकास परिषद में कितनी किश्तें जमा की हैं, कितना पैसा अभी देना है और कितना ब्याज लगेगा, यह सब जानने के लिए अब आपको परिषद दफ्तर के चक्कर नहीं लगाने होंगे।
जल्दी ही आवास विकास परिषद के प्रत्येक आवंटी का लेजर अकाउंट ऑनलाइन होगा। इसके लिए एक पासवर्ड भी दिया जाएगा, जिसे आवंटी अपनी मर्जी से बदल सकेगा। यह सुविधा गांधी जयंती पर शुरू हो रही है।
नई सुविधा को शुरू करने के लिए आवास विकास परिषद में लेजर को कंप्यूटर पर फीड किया गया है। पिछले कई महीने से यह काम चल रहा था, जो अब पूरा हो गया है।
परिषद की इस ऑनलाइन सुविधा से जुड़े अधिकारी ने बताया कि गांधी जयंती के अवसर पर नई सुविधा को शुरू किया जाना है।
अधिकारी ने बताया कि जो भी आवंटी यह जानना चाहेगा कि उसने कितना पैसा जमा किया, कितना जमा करना और देरी से किश्त जमा करने पर उस पर कितना ब्याज लगाया गया है यह जब जानने के लिए उसे www.upavp.com पर जाना होगा।
इस पर क्लिक करने पर पेमेंट ऑप्शन चुनना होगा। इस ऑप्शन को खोलने पर दो बॉक्स सामने आएंगे। इसमें से एक में अपना मकान नंबर भरना होगा और दूसरे में पासवर्ड।
परेशानी से बचाने के लिए मकान नंबर को ही पासवर्ड की तरह इस्तेमाल किया जा सकेगा। जरूरत समझने पर इसे आवंटी अपनी मर्जी से बदल भी सकेगा।