सूबे में अब लोगों को ऑनलाइन खरीदारी पर ज्यादा जेब ढीली करनी पड़ेगी। राज्य सरकार ई-कॉमर्स (ऑनलाइन) के जरिए सामान मंगाने पर 5 प्रतिशत प्रवेश कर वसूलने का निर्णय किया है। ‘उप्र स्थानीय क्षेत्र में माल के प्रवेश पर कर (संशोधन) विधेयक-2016’ बुधवार को विधानसभा ने पारित कर दिया।
दरअसल सूबे में ऑनलाइन खरीदारी पर टैक्स नहीं लगने से वस्तुएं अपेक्षाकृत कम दाम में मिल जाती हैं। इसलिए उपभोक्ताओं का झुकाव ऑनलाइन खरीदारी की तरफ बढ़ा है, लेकिन व्यापारियों और वाणिज्य विभाग को इससे नुकसान हो रहा था।
व्यापारी बहुत दिनों से ऑनलाइन सामान मंगाने पर भी प्रवेश कर लगाए जाने की मांग कर रहे थे। असम, पश्चिम बंगाल, बिहार और उत्तराखंड में पहले से प्रवेश कर वसूला जाता है।
अमूमन कपड़े, जूते, इलेक्ट्रॉनिक सामान, सौंदर्य प्रसाधन, आर्टिफिशियल ज्वेलरी, आयुर्वेदिक दवाएं, घर की साज-सज्जा से संबंधित सामग्री, खाद्य सामग्री, क्रॉकरी समेत दैनिक उपयोग में आने वाले सामार्न ई-कॉमर्स के जरिये खरीदे जाते हैं। अब 5 प्रतिशत प्रवेश कर लगने से इनकी कीमत में उसी अनुपात में इजाफा हो जाएगा।