राजभर ने कार्यकर्ताओं से कहा कि सुभासपा इस चुनाव में हारने के लिए नहीं, बल्कि जीतने के लिए उतरेगी। इसलिए सोच-समझकर ही भाजपा से गठबंधन चलाने को लेकर फैसला किया जाएगा। इस दौरान पार्टी के प्रमुख प्रवक्ता राना अजीत सिंह ने भी ‘गौड़ भले हो जाऊं मौन नहीं हो सकता, पुत्र मोह में शस्त्र त्याग कर द्रोण नहीं हो सकता’ शेर कहकर कार्यकर्ताओं को सियासी समीकरण समझाने की कोशिश की।
इस मौके पर ज्यादातर कार्यकर्ताओं ने भाजपा के साथ रहने और कुछ ने सपा-बसपा गठबंधन के साथ जाने का सुझाव दिया है। राजभर ने कहा कि लिखित सुझावों का अध्ययन करने के बाद ही कोई फैसला लिया जाएगा।
राजभर ने कहा, सुभासपा इस चुनाव में हारने के लिए नहीं, बल्कि जीतने के लिए उतरेगी। इसलिए सोच-समझकर ही भाजपा से गठबंठन चलाने को लेकर फैसला किया जाएगा।