चुनावी समर में एक तरफ जहां बाकी दलों में सियासतदां अपना राजनीतिक कैरियर तलाशने को शामिल हो रहे हैं तो दूसरी तरफ बसपा में दिग्गज लगातार पार्टी छोड़ रहे हैं। विधायक गुड्डू जमाली के भी किनारा कर लेने केबाद बसपा में केवल चार विधायक रह गए हैं। उधर बसपा सुप्रीमो मायावती ने शुक्रवार को उमाशंकर सिंह को पार्टी का नेता विधानमंडल दल घोषित किया है।
चार बार सत्ता के शिखर तक पहुंची बसपा इस समय संकट से जूझ रही है। दरअसल उसके सिपहसालार लगातार पार्टी छोड़कर दूसरे दलों में जा रहे हैं। उप्र विधानसभा चुनाव से ऐन पहले पार्टी में भगदड़ की स्थिति है। दस साल में ही पार्टी छोड़ने वाले महारथियों का सैकड़ा पार हो चुका है।
गत दिवस पार्टी आजमगढ़ जिले की मुबारकपुर सीट के विधायक शाह आलम उर्फ गुड्डू जमाली ने भी त्यागपत्र दे दिया। गुड्डू पार्टी के विधानमंडल दल के नेता भी थे। उनके जाने के बाद पार्टी में बस चार विधायक ही रह गए हैं। श्याम सुंदर शर्मा , उमाशंकर सिंह, विनय शंकर तिवारी, आजाद अरिमर्दन ही फिलहाल पार्टी में सक्रिय विधायक रह गए हैं।
इनमें से उमाशंकर सिंह को बसपा प्रमुख मायावती ने नेता विधानमंडल घोषित किया है। बलिया के रसड़ा विधानसभा क्षेत्र के विधायक उमाशंकर सिंह लगातार दो बार चुनाव जीते हैं। इनसे पहले पार्टी ने जिन दो विधायकों को नेता विधानमंडल बनाया, वे दोनों ही बसपा छोड़ गए।