पासपोर्ट आवेदकों के सत्यापन में और तेजी लाने के लिए ‘एम पासपोर्ट पुलिस ऐप’ का उपयोग किया जाएगा। पहले चरण में प्रदेश के 17 जिलों में लागू हो रही इस व्यवस्था के तहत पुलिसकर्मियों को ऐप की ट्रेनिंग दी जाएगी।
क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी पीयूष वर्मा ने बताया कि प्रदेश के 75 जिलों के पासपोर्ट प्रकोष्ठ प्रभारियों को डीजीपी मुख्यालय में 15 मई से प्रशिक्षित किया जाएगा। अभी सत्यापन रिपोर्ट 21 दिन में मिल रही है, जबकि इस ऐप से तीन से चार दिनों में रिपोर्ट और एक सप्ताह में नार्मल पासपोर्ट मिलेगा।
उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश में लखनऊ, बरेली और गाजियाबाद में क्षेत्रीय कार्यालय हैं। फिलहाल इस ऐप को पायलट प्रोजेक्ट के रूप में 17 जिलों में शुरू किया जा रहा है।