लाभार्थियों की शिकायतों के निराकरण के लिए कॉल सेंटर बनाया गया है। राज्य स्तर पर टोल फ्री नंबर 180018004444 पर कॉल करके मदद ली जा सकती है। नेशनल कॉल सेंटर का टोल फ्री नंबर 14555 है। सभी जिलों में क्षेत्रीय सांसद, विधायक एवं अन्य जनप्रतिनिधि योजना का शुभारंभ करेंगे।
केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी, उमा भारती, महेश शर्मा, डॉ. सत्यपाल सिंह, वीके सिंह, साध्वी निरंजन ज्योति, शिवप्रताप शुक्ल, हरदीप सिंह पुरी, मनोज सिन्हा, संतोष गंगवार और कृष्णा राज भी अपने-अपने संसदीय क्षेत्रों में आयोजित कार्यक्रमों में शामिल होंगे।
साचीज के अधिकारियों के अनुसार, लाभार्थी जिस अस्पताल में जाएगा, वहां उसके अंगूठे के निशान की जांच बॉयोमीट्रिक तरीके से होगी। यदि निशान नहीं मिलता है तो आंख का मिलान किया जाएगा। इसके बाद वह मोबाइल नंबर या राशन कार्ड नंबर बताकर अपनी पहचान की पुष्टि करेगा।
आरोग्य मित्र डाटा से ऑनलाइन पहचान होने के बाद इलाज की प्रक्रिया शुरू करने में मदद करेगा। पहचान के बाद लाभार्थी को एक गोल्डन ई-कार्ड जारी हो जाएगा जिसमें उसकी सभी जानकारी होगी। यह कार्ड ऑनलाइन रहेगा। लाभार्थी कॉमन सर्विस सेंटर पर 30 रुपये देकर भी कार्ड बनवा सकेगा। कॉमन सर्विस सेंटर को इसके लिए अधिकृत किया गया है।