लखनऊ। सुशांत गोल्फ सिटी निवासी चाय विक्रेता पवन पाल (26) की मौत के मामले में सात लोगों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज हुई है। यह रिपोर्ट पवन की मां सुदेशना ने दर्ज कराई है। पवन मूलरूप से मेरठ सैफपुर फिरोजपुर के निवासी थे।
सुदेशना के अनुसार, पवन मेदांता अस्पताल के पास चाय का स्टॉल लगाता था। 22 नवंबर 2025 को वह स्टॉल की सफाई कर रहा था। इस बीच अमरेंद्र सिंह, दिलीप सिंह, प्रशांत सिंह, बऊवा, टीकल, शिवम, राहुल सिंह और पंकज सिंह ने स्टॉल के पास पेशाब किया और पान मसाला खाकर थूका भी। पवन के विरोध करने पर आरोपियों ने उसे मारा-पीटा। मामला अलकनंदा पुलिस चौकी पहुंचा, जहां पुलिस ने दोनों पक्षों में समझौता करा दिया था।
घर में घुसकर आरोपियों ने किया था हमला
समझौते के अगले ही दिन, शाम करीब पांच बजे आरोपियों ने पवन के कमरे पर धावा बोला। उन्होंने पवन को गला दबाकर, लात-घूंसों व गैस सिलिंडर से हमला कर घायल कर दिया। इलाज के दौरान 26 नवंबर को पवन की मौत हो गई।
शिकायत के बावजूद पुलिस ने नहीं की सुनवाई
सुदेशना के अनुसार, पवन की मौत के बाद उन्होंने थाने में आरोपियों के खिलाफ शिकायत की, लेकिन पुलिस ने सुनवाई नहीं की। अंततः कोर्ट के आदेश पर शनिवार को हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई है। एसीपी गोसाईंगंज ऋषभ यादव का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट नहीं है। कुछ चोटों का जिक्र है। सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है।