बुंदेलखंड क्षेत्र में जल संसाधन के प्रबंधन की परियोजना के लिए प्रदेश सरकार और इजरायल के तथा जल संसाधन मंत्रालय, के बीच ‘प्लान ऑफ को-ऑपरेशन‘ हस्ताक्षरित किया गया। एमओयू पर भारत में इजरायल के राजदूत डॉ. रॉन मल्का तथा प्रदेश के कृषि उत्पादन आयुक्त आलोक सिन्हा ने दस्तखत किए। डॉ. रॉन ने कहा कि पानी के संकट से जूझ रहे क्षेत्रों के लिए यह परियोजना बहुत उपयोगी साबित होगी।
आलोक सिन्हा ने बताया कि बुंदेलखंड में जल प्रबंधन के क्षेत्र में दीर्घकालिक सुधार के लिए इजरायल के सहयोग से ‘इंडिया-इजरायल-बुंदेलखंड वाटर प्रोजेक्ट पर कार्य किया जाएगा। इस प्रोजेक्ट को इजरायल के कृषि सलाहकार डैन एल्यूफ ने विकसित किया है। परियोजना के तहत उन्नत कृषि उपायों, इंटीग्रेटेड ड्रिप इरीगेशन के माध्यम से जल प्रबंधन का कार्य किया जाएगा।
परियोजना में झांसी स्थित पहुज डैम के जलाशय को सिंचाई के लिए इंटीग्रेटेड ड्रिप इरीगेशन से युक्त किया जाएगा। नवीनतम सिंचाई तकनीकों को भी परियोजना में शामिल किया जाएगा। प्रारंभ में प्लान आफ को-आपरेशन दो वर्ष के लिए हस्ताक्षरित किया जाएगा। बाद में परियोजना के हित में जरूरत के अनुसार विस्तारित किया जा सकेगा। कृषि उत्पादन आयुक्त ने बताया कि इस प्रोजेक्ट से बुंदेलखंड व उसके आस-पास के क्षेत्रों में जल समस्या का समाधान करने में सहायता मिलेगी।