शासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इस प्रस्ताव पर कार्यवाही पूरी हो गई है। ग्राम विकास विभाग को यह रकम ऋण के तौर पर दी जाएगी। अप्रैल में केंद्र से राशि आने पर ग्राम विकास विभाग इसे लौटा देगा।
अधिकारी ने बताया कि 31 मार्च से पहले 24 मार्च तक की मजदूरी की बकाया राशि श्रमिकों के खाते में डीबीटी के माध्यम से पहुंच जाएगी।
प्रमुख सचिव ग्राम विकास एवं पंचायतीराज मनोज कुमार सिंह ने कहा, 30 मार्च को एक संक्षिप्त कार्यक्रम करने का प्रयास किया जा रहा है। इसमें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ प्रदेश के 26 लाख से अधिक मनरेगा श्रमिकों के खाते में 611 करोड़ रुपये की बकाया मजदूरी डीबीटी के जरिए ट्रांसफर करेंगे।,