मुख्यमंत्री ग्रामोद्योग रोजगार योजना के तहत 800 इकाइयों की स्थापना का लक्ष्य है, जिसमें 16,000 लोगों को रोजगार के अवसर मिलेंगे। इसी प्रकार सोलर चरखा वितरण और प्रशिक्षण कार्यक्रम के तहत 1000 व्यक्तियों को प्रशिक्षित किया जाएगा।
पंडित दीन दयाल उपाध्याय खादी विपणन सहायता कार्यक्रम के माध्यम से 50 हजार, टूलकिट योजना के तहत स्वरोजगार के इच्छुक 1200 लोगों को टूलकिट मिलेगी, 300 लाभार्थियों को हनी मिशन के तहत प्रशिक्षण देने का प्रावधान किया गया है।
प्रदेश में संचालित कंबल कारखानों की क्षमता में वृद्धि कर 300 अतिरिक्त लोगों को रोजगार के अवसर दिए जाएंगे। सहगल ने कहा कि जून महीने से जालौन के कालपी में हाथ कागज केन्द्र का संचालन प्रारंभ करने की सभी औपचारिकताएं पूरी कर ली गई हैं। इस केन्द्र के संचालन से भी बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार के अवसर मिलेंगे।
उन्होंने बताया कि प्रदेश में 3, 075 नवयुवकों/महिलाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए खादी उत्पादन केन्द्रों का सुदृढ़ीकरण किया जा रहा है। साथ ही अन्य विभिन्न ट्रेडों में प्रशिक्षण देकर 42,497 लोगों को स्वरोजगार से जोड़ा जाएगा।