बसपा सुप्रीमो मायावती ने ट्वीट कर कहा है कि आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने कल दिल्ली स्थित मस्जिद, मदरसे में जाकर उलेमाओं से मुलाकात की और फिर उनसे अपने आप को राष्ट्रपिता व राष्ट्रऋषि कहलवाया।
उन्होंने पूछा कि इसके बाद क्या बीजेपी व उनकी सरकारों का मुस्लिम समाज व उनके मस्जिद, मदरसों के प्रति नकारात्मक रूप से बर्ताव में बदलाव आएगा।
उन्होंने कहा कि यूपी सरकार खुली जगह में कुछ मिनट नमाज पढ़ने की मजबूरी को भी सहन नहीं कर पा रही है तथा सरकारी मदरसों की उपेक्षा करते हुए निजी मदरसों में भी हस्तक्षेप पर उतारू है लेकिन आर एस एस प्रमुख ही इस बारे में गहरी चुप्पी के क्या मायने निकल रहे हैं इस पर भी वे जरूर गौर करें।