बख्शी का तालाब। मायण महोत्सव में अबकी बार ग्रामीण अंचल के सात कर्मयोगियों को मायण-सम्मान 2026 से सम्मानित किया गया। इनमें पद्मश्री 85 वर्षीय कलीम उल्लाह, अमानीगंज के बनौगा निवासी पूर्व प्रधान व कृषि कार्य में निपुण संतोष सिंह, कृषि कार्य में निपुण अटेसुवा के अजरैल निवासी जगदेव यादव, नगरापिपरिया निवासी समाजसेवी रामजी, रामा इंटर कॉलेज की प्रधानाचार्य महोना की शिव दुलारी चौरसिया, शाहपुर निवासी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अरुणा कुमारी, गदेला की समाजसेवी मधुरानी रहीं। आयोजन महिंगवा के गदेला गांव स्थित कमला कुटीर में हुआ। मुख्य अतिथि डॉ. रवि भट्ट ने आयोजन की सराहना की।
संयोजक सेवानिवृत्त डीजी, सीआरपीएफ डॉ. आनंद प्रकाश माहेश्वरी ने बताया कि पिछले वर्षों में यह कार्यक्रम ग्रामीण युवाओं, पर्यावरण योद्धाओं, कैंसर विजेताओं एवं दिव्यांग वर्ग व दृष्टिबाधित मित्रों को अर्पित रहा। इस वर्ष का कार्यक्रम ग्रामीण अंचल के वरिष्ठ नागरिकों के सम्मान में समर्पित रहा है।
लखनऊ की गायिका डॉ. प्रभा श्रीवास्तव व मास्टर अमान आजम ने प्रस्तुति दी। लखनऊ के कलाकार आफताब ने संचालन किया। एडीजी डी. ए प्रकाश, डीआईजी कृत राठोर, कीर्ति नारायण, गोपाल सिन्हा, विनीता मिश्रा, फकरे आजम, नवीन जोशी, कर्नल नीरज श्रीवास्तव, अनुराग डिडवानिया, अरुण अग्रवाल, बीपी माहेश्वरी, रेणुका टंडन, अरविंद मिश्रा, रश्मि मिश्रा, सुधीर मिश्रा, राजीव प्रधान, आरजे पारुल, रवि प्रकाश, शैल्वी शारदा, संगीता व अजेश जयसवाल आदि शामिल थे।
दो विविध संस्कृतियों का अनूठा संगम
सह-संयोजिका वंदना अग्रवाल ने कहा कि दो विविध संस्कृतियों की ओजपूर्ण प्रस्तुतियों ने मंत्रमुग्ध कर दिया। मेहमानों ने ग्रामीण व्यंजनों और व्रत-आहार का लुत्फ लिया। कार्यक्रम को अखिलेश और वंदना अग्रवाल, राजेश और सीमा बंसल, बिमल एवं आरती माहेश्वरी, अरुण और निशा अग्रवाल का समर्थन मिला। लखनऊ एक्सप्रेशन सोसाइटी, लखनऊ वर्ल्डवाइड कनेक्शन तथा लखनऊ साहित्य मंचों ने समर्थन किया। सिद्धांत-फाउंडेशन तथा नमन-फाउंडेशन प्रायोजक रहे। रामा डिग्री-काॅलेज के छात्रों एवं डीजी-स्वास्थ्य के कार्यकर्ताओं ने सेवाएं दीं।
महिंगवा के गदेला गांव स्थित कमला कुटीर में हुए मायण महोत्सव में सम्मानित कर्मयोगी। -संवाद
महिंगवा के गदेला गांव स्थित कमला कुटीर में हुए मायण महोत्सव में सम्मानित कर्मयोगी। -संवाद