देर तक जब एसडीएम नहीं पहुंचे तो ग्रामीण एक्सप्रेसवे पर पहुंच गए और नारेबाजी करने लगे। यही नहीं, पत्थर डालकर जाम लगा दिया और शव रखकर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझा-बुझाकर शांत कराकर एक्सप्रेस-वे खाली कराया।
डेढ़ घंटे बाद पहुंचे एसडीएम सदर अभिनव रंजन श्रीवास्तव ने परिवारीजनों को उचित मुआवजा देने की बात कही। लेकिन वह सरकारी नौकरी और मुआवजे की मांग पर अड़े रहे। देर रात करीब आठ बजे एसडीएम और सीओ मलिहाबाद के समझाने के बाद ग्रामीणों ने शव को पुलिस को सुपुर्द किया।
पुलिस ने शव पोस्टमार्टम को भेजवाया। प्रभारी निरीक्षक संजय कुमार ने बताया कि कार चालक को गिरफ्तार कर लिया गया है। हादसे में प्रयुक्त कार भी पुलिस के कब्जे में हैं।