अयोध्या वापसी के बाद महंत परमहंस दास ने पत्रकारों से बात करते हुए बताया कि, प्रशासन द्वारा उन्हें अनशन से बलपूर्वक उठाकर लखनऊ ले जाकर पीजीआई में भर्ती करा दिया गया। वहां डॉक्टरों ने मेरी हालत गंभीर बताते हुए भर्ती कराना जरूरी बताया। कहा कि मैंने इलाज कराने से मना किया मगर मुझे जबरन दवा पिलाई गई। जबरन इलाज किया गया। इसी बीच नगर विधायक वेद गुप्ता मिलने आते-जाते रहे और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात कराई। उनसे मिले आश्वासन के बाद मैंने अनशन तोड़ा है।