किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय में रविवार को सफाई कार्य के दौरान करंट लगने से ठेका कर्मी राहुल गौतम (26) की मौत हो गई। घटना के बाद ट्रॉमा सेंटर में सहकर्मियों ने परिजनों के साथ हंगामा और प्रदर्शन किया। साथियों रोते-बिलखते परिजनों और राहुल के ने उचित मुआवजे और मृतक की पत्नी को नौकरी देने की मांग उठाई।
परिवार का आरोप है कि राहुल को बिना पर्याप्त सुरक्षा उपकरणों के केवल चप्पल पहनाकर टंकी में भेज दिया गया। परिजनों के अनुसार राहुल काकोरी के लीला खेड़ा गांव के निवासी थे। वह केजीएमयू में फायर विभाग से जुड़े कार्यों के लिए ठेके पर तैनात थे।
पत्नी अंशिका ने आरोप लगाया कि राहुल को नेत्र विभाग के पास भूमिगत पानी की टंकी की सफाई के लिए बिना किसी सुरक्षा इंतजाम के उतारा गया था। टंकी में इस्तेमाल हो रहे पंप में करंट आ रहा था जिसकी चपेट में आने से राहुल गंभीर रूप से झुलस गए। काफी देर तक बाहर नहीं आने पर साथियों ने तलाश की तो वह टंकी के अंदर अचेत मिले। उन्हें ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
केजीएमयू के प्रवक्ता डॉ. केके सिंह ने बताया कि जलापूर्ति व्यवस्था के अनुरक्षण का कार्य मेसर्स गोविंद फायर सर्विसेज के जिम्मे है। राहुल इसी संस्था के कर्मचारी थे। घटना की जानकारी मिलते ही प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। ठेका कंपनी को मृतक के आश्रितों को नियमानुसार क्षतिपूर्ति और अन्य वैधानिक लाभ उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।