फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लखनऊ: हार्ट अटैक के मामलों में इमरजेंसी फिजिशियन की भूमिका अहम, कभी भी इग्नोर न करें यह लक्षण

Sat, 28 Dec 2024 08:55 PM IST
रोहित मिश्र अमर उजाला, सिटी रिपोर्टर, लखनऊ

सार

Heart attack cases: हार्ट अटैक के मामलों में इमरजेंसी की भूमिका अहम होती है। साथ ही मरीज में कुछ लक्षण ऐसे होते हैं जिनसे देखकर समझ आ जाता है कि व्यक्ति को हार्ट अटैक पड़ा है। 
विज्ञापन
कार्यक्रम को संबोधित करते डा. लोकेंद्र गुप्ता। - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान में इमरजेंसी मेडिसिन विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. एसएस त्रिपाठी के मुताबिक हार्ट अटैक पड़ने पर लक्षणों की पहचान करके मरीज को तुरंत अस्पताल पहुंचाना चाहिए। इमरजेंसी में भले ही हृदय रोग विशेषज्ञ मौजूद न हों, पर मरीज की जान बचाने में उसकी भूमिका अहम साबित होगी। वे शनिवार को संजय गांधी पीजीआई में हुए कार्डियक इमरजेंसी कॉन्क्लेव में बोल रहे थे।

विज्ञापन


सोसाइटी फॉर एक्यूट केयर, ट्रॉमा, और इमरजेंसी मेडिसिन (सेक्टेम) के संस्थापक डॉ. लोकेन्द्र गुप्ता ने कहा कि सीने में भारीपन के साथ ही पसीना आने, बाएं हाथ में दर्द, गाल और जबड़े में खिंचाव जैसे लक्षण हार्ट अटैक की वजह से हो सकते हैं। इसलिए ऐसे लक्षण होने पर सबसे पहले मरीज को एस्प्रिन की 325 मिलीग्राम की गोली पानी में घोलकर पिला दें। 

हार्ट अटैक के 90 मिनट के भीतर यह दवाई मिलने पर नुकसान कम पहुंचता है। यह दवाई खून को पतला करती है। इसलिए अगर खून का थक्का बना है तो फिर वह धीरे-धीरे गल जाएगा। अस्पताल की इमरजेंसी में मौजूद फिजीशियन एंजियोग्राफी कर सकते हैं। इससे मरीज की जान बच सकेगी। पीजीआई के डॉक्टर डॉ. ओपी संजीव ने बताया कि इस कॉन्क्लेव का उद्देश्य प्रदेश के सरकारी और निजी अस्पतालों के युवा आपातकालीन चिकित्सकों को प्रशिक्षित करना है। इससे वे इमरजेंसी में आने वाले दिन के रोगियों का और बेहतर इलाज कर सकें। 
विज्ञापन


समारोह के दौरान डॉ. आदित्य कपूर, डॉ. ऋषि सेठी, डॉ. प्रेरणा कपूर, और डॉ. हिमांशु गुप्ता ने भी अपने विचार साझा किए। इस मौके पर डॉ. सोमनाथ लोंगवानी की देखरेख में क्विज प्रतियोगिता हुई। इस मौके पर डॉ. रूपाली खन्ना, डॉ. राजीव चौधरी, डॉ. आदित्य कपूर, डॉ. ऋषि सेठी, डॉ. प्रेरणा कपूर, और डॉ. हिमांशु गुप्ता ने अपने विचार साझा किए।

लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड
कार्यक्रम के दौरान दो डॉक्टरों को आपातकालीन चिकित्सा के क्षेत्र में उनके अमूल्य योगदान के लिए सम्मानित किया गया। इनमें प्रसिद्ध कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. मुकुल मिश्रा और प्रख्यात यूरोलॉजिस्ट डॉ. राकेश कपूर शामिल रहे।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें