फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी में लुटेरों से भिड़ी शिक्षिका, छाते से की जमकर धुनाई

Thu, 20 Aug 2015 10:05 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
विज्ञापन
विज्ञापन
लखनऊ के आशियाना क्षेत्र में मंगलवार दोपहर शिक्षिका सुमन सिंह ने बाइक सवार लुटेरों के छक्के छुड़ा दिए। बदमाशों ने चेन छीनी तो सुमन उनसे भिड़ गईं। एक हाथ से चेन पकड़े रहीं और दूसरे हाथ से बदमाशों पर छाते से ताबड़तोड़ वार किए।
विज्ञापन


पिटाई से घबराए बदमाश हाथ में आई आधी चेन लेकर भाग निकले। इसके बाद सुमन ने पीछे से आई दूसरी शिक्षिका की स्कूटी से बदमाशों का पीछा भी किया, लेकिन उन्हें पकड़ नहीं सकीं। घटना के बाद सुमन अज्ञात बदमाशों की शिकायत करने आशियाना थाने पहुंची तो पुलिस का लापरवाह रवैया सामने आया।

पुलिस ने मामले की जांच की बात कह कर उन्हें टरका दिया। एल्डिको में रहने वाली सुमन पायनियर स्कूल मे शिक्षिका हैं। मंगलवार दोपहर करीब सवा तीन बजे स्कूल की छुट्टी के बाद वह पैदल ही घर के लिए निकलीं।
विज्ञापन


इस दौरान काले रंग की अपाचे बाइक से दो बदमाश उनका पीछा करने लगे। जैसे ही वह घर के पास पहुंची, एक बदमाश ने झपट्टा मारकर सुमन की चेन खींचने की कोशिश की। सुमन ने चेन का एक सिरा पकड़ लिया और शोर मचाने लगीं।

नहीं हारी हिम्मत, जमकर किया मुकाबला

बदमाशों ने भागने की कोशिश की तो चेन पकड़े रहीं और दूसरे हाथ में मौजूद छाते से बदमाशों पर टूट पड़ीं।
बदमाशों ने धक्का-मुक्की की कोशिश की, लेकिन सुमन ने ताबड़तोड़ वार कर उन्हें पीछे धकेल दिया।

अचानक हमले से बाइक के पीछे बैठा लुटेरा बौखला गया और सुमन से हाथापाई कर चेन छुड़ाने की कोशिश की। शोरगुल और हाथापाई होते देख आसपास के लोग दौड़े तो बदमाश भाग गए और आधी चेन सुमन के हाथ में रह गई।

सूचना पाकर सुमन के पति और एचसीएल कंपनी में काम करने वाले सुरेंद्र सिंह थाना पहुंच गए। बंगला बाजार चौकी प्रभारी धर्मवीर सिंह का कहना है कि शिक्षिका ने प्रार्थनापत्र दिया है, जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।

सुमन ने बताया कि लुटेरे स्कूल से ही उसके पीछे लगे थे। खतरे का अहसास होने पर ही सुमन सतर्क हो गई थी। यही वजह थी कि जैसे ही लुटेरों ने चेन पर झपट्टा मारा, चेन का एक हिस्सा उसने पकड़ लिया।
विज्ञापन

लुटेरों की बाइक पर नहीं था नंबर

सुमन ने बताया कि लुटेरों की बाइक पर नंबर नहीं पड़ा था। लुटेरों की उम्र करीब 25 वर्ष लग रही थी। वे हेलमेट भी नहीं लगाए थे। सामने आने पर सुमन ने लुटेरों को पहचानने की बात कही है।

आशियाना पुलिस लुटेरों से जूझने वाली बहादुर शिक्षिका को बला समझकर टालने में लगी रही। सुमन ने थाना जाकर पुलिस को पूरी घटना की जानकारी दी तो कोई यकीन करने को तैयार नहीं हुआ।

उन्होंने टूटी हुई चेन दिखाई, पुलिस ने तब भी रिपोर्ट दर्ज नहीं की। सुमन ने तहरीर दी तो पुलिस ने जांच की बात कहकर उन्हें टरका दिया। दूसरी शिक्षिका की स्कूटी से किया लुटेरों का पीछा सुमन की बहादुरी यहीं खत्म नहीं हुई। वह शोर मचाते हुए लुटेरों के पीछे भागी।

इसी बीच स्कूल की दूसरी शिक्षिका नीलम यादव अपनी स्कूटी से वहां आ गईं। सुमन को शोर मचाकर भागते देख वह रुक गई। सुमन उनकी स्कूटी के पीछे बैठ गई और लुटेरों की बाइक की तरफ इशारा करते हुए उनके पीछे चलने को कहा।

नीलम ने अपनी स्कूटी दौड़ाई। पीछे से एक स्कूल वैन भी आ रही थी। सुमन ने वैन चालक को चेन लूट की जानकारी देते हुए बाइक सवार बदमाशों को पकड़ने के लिए कहा। हालांकि, तब तक बाइक सवार लुटेरे नजरों से ओझल हो चुके थे। वैन चालक का कहना था कि लुटेरे तेलीबाग की तरफ भागे हैं।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें