योगी सरकार ने उत्तर प्रदेश की ग्लोबल ब्रांडिंग के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार की है। अगले साल जनवरी में प्रस्तावित ग्लोबल इन्वेस्टर समिट से पहले प्रदेश के मंत्री विदेश दौरे पर जाएंगे। यूपी के ब्रांड एंबेसेडर के रूप में मंत्रियों का दल अलग-अलग देशों में रोड शो आयोजित कर प्रदेश में औद्योगिक निवेश की संभावनाओं की जानकारी देगा। यूपी का प्रतिनिधिमंडल विभिन्न देशों में उद्योग जगत के लोगों से मिलकर यूपी के निवेश अनुकूल माहौल का हवाला देते हुए उन्हें निवेश के लिए आमंत्रित करेगा। यही नहीं, उन देशों में प्रवासी भारतीयों खासकर यूपी के लोगों से संवाद कर प्रदेश के बदले माहौल और भावी कार्ययोजना पर बातचीत भी की जाएगी। संभावना है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ खुद भी किसी एक देश के दौरे पर जाएंगे।
सीएम योगी ने प्रस्तावित ग्लोबल इन्वेस्टर समिट को ‘नए यूपी की आकांक्षाओं को उड़ान’ देने वाला बड़ा अवसर बताया है। इसी के तहत मंत्रियों को विदेश भेजा जाएगा। फिलहाल जो खाका तैयार किया गया है उसके अनुसार एक कैबिनेट मंत्री की टीम में एक राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार तथा एक राज्य मंत्री शामिल होंगे। इनके साथ अधिकारी भी रहेंगे। इसकी तैयारी शुरू कर दी गई है।
यूपी ग्लोबल इन्वेस्टर समिट के लिए सिंगापुर ने फर्स्ट कंट्री पार्टनर बनने की पेशकश की है। इससे पहले वर्ष 2018 के इन्वेस्टर समिट में नीदरलैंड, जापान, स्लोवाकिया, फिनलैंड, चेक रिपब्लिक, मॉरीशस, थाईलैंड, नेपाल व बेल्जियम कंट्री पार्टनर रहे हैं। इन देशों के साथ-साथ यूके, यूएसएस, कनाडा, यूएई, स्वीडन, सिंगापुर, नीदरलैंड, इजरायल, फ्रांस, जर्मनी, साउथ कोरिया, मॉरीशस, रूस और ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों में रोड शो आयोजित करने की तैयारी है। मंत्रियों का यह दौरा सितंबर से नवंबर के बीच हो सकता है।
दर्जन भर सेक्टोरल पॉलिसी के साथ निवेश को आमंत्रित करेगा यूपी
औद्योगिक निवेश से रोजगार के बड़े अवसरों को देखते हुए मुख्यमंत्री ने औद्योगिक निवेश के माहौल को और बेहतर करने के लिए नियमों में समयानुकूल बदलाव करने को कहा है। मंत्रियों के विदेश दौरों से पहले फूड प्रोसेसिंग, हैंडलूम, पॉवरलूम, आईटी, बायोफ्यूल, फिल्म एंड मीडिया, पर्यटन, सौर ऊर्जा, इलेक्ट्रिक वाहन, एनिमेशन, विजुअल इफेक्ट, गेमिंग और कॉमिक इंडस्ट्री, खिलौना निर्माण, नागरिक उड्डयन, हाउसिंग एंड रियल एस्टेट सहित एक दर्जन नई सेक्टोरल पॉलिसी के साथ यूपी निवेशकों को आमंत्रित करेगा। साथ ही प्रदेश में लैंडबैंक विस्तार के लिए महानगरों से लेकर गांव तक तैयारी हो रही है।