डेंगू पीड़ित एलपीएस के छात्र मनप्रीत (13) का इलाज इंदिरानगर के एक निजी अस्पताल में चल रहा था। परिवारीजनों का आरोप है कि इलाज में लापरवाही के चलते मनप्रीत की मौत हुई।
नाराज घरवालों ने अस्पताल में हंगामा किया। वहीं डेंगू से तीन और मरीजों की सांसें थम गईं। मनमीत एलपीएस की आनंदनगर ब्रांच में पढ़ता था। आलमबाग के रविंदर सिंह के बेटे मनप्रीत सिंह (13) को कुछ दिन पहले तेज बुखार की शिकायत हुई।
भाई दलवीर सिंह ने बताया कि बृहस्पतिवार को उसे इंदिरानगर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। जांच के बाद डॉक्टरों ने डेंगू बताया और प्लेटलेट काउंट दो लाख होने की जानकारी दी। इलाज चलता रहा लेकिन हालत बिगड़ती गई।
शुक्रवार को प्लेट्लेट् काउंट 90 हजार हो गया। इसके बाद भी इलाज में मनमानी जारी रही। हालत अधिक बिगड़ी तो बच्चे को आईसीयू में शिफ्ट किया और ब्लड डोनेट करने के लिए कहा।
शनिवार को डोनर सुबह दस बजे अस्पताल पहुंचा तो ब्लड डोनेशन का नंबर रात में ग्यारह बजे आया। इसके बाद रात करीब डेढ़ बजे प्लेटलेटस चढ़ाई गईं।
इसके कुछ घंटे बाद रविवार को तड़के मनमीत की मौत हो गई। गुस्साए परिवारीजनों ने हंगामा किया तो अस्पताल प्रशासन ने पुलिस बुला ली। पुलिस ने समझा-बुझाकर मामला शांत कराया।