सीतापुर मार्ग स्थित बृज की रसोई परिसर में चल रही है श्रीराम कथा।
लखनऊ। लखनऊ को भगवान लक्ष्मण ने बसाया और लाखन पासी ने सजाया। लाखन पासी का नाम भी लक्ष्मण के नाम पर ही पड़ा। उस दिन लक्ष्मण टीला का दर्शन करेंगे जब वहां भगवान लक्ष्मण का भव्य मंदिर बन जाएगा। हम किसी के विरोधी नहीं हैं और सह-अस्तित्व में विश्वास करते हैं। किंतु भारत में रहना है तो वंदे मातरम कहना होगा और राष्ट्रगीत गाना पड़ेगा। बाबर और अकबर के नहीं रघुवर के होकर रहो। भारत में रहने वालों को राष्ट्र और उसकी सांस्कृतिक अस्मिता का सम्मान करना चाहिए।
ये बातें रविवार को जगद्गुरु स्वामी रामभद्राचार्य ने कहीं। मौका था सीतापुर मार्ग स्थित बृज की रसोई परिसर में चल रही श्रीराम कथा के सातवें दिन का। उन्होंने केवट प्रसंग के माध्यम से सुनाई भक्ति की महिमा का बखान किया। कहा कि भक्ति, मुक्ति से बड़ी होती है और मोक्ष से भी श्रेष्ठ होती है। इस दौरान प्रदेश के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना, वरिष्ठ भाजपा नेता नीरज सिंह, भाजपा प्रदेश कार्यालय प्रभारी भारत दीक्षित, यूपी पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य लक्ष्मण चौधरी, न्यायमूर्ति अनिल कुमार, वरिष्ठ अधिवक्ता प्रांशु अग्रवाल, आंजनेय पीठाधीश्वर स्वामी रामानुजाचार्य आदि लोग मौजूद रहे।
सीतापुर मार्ग स्थित बृज की रसोई परिसर में चल रही है श्रीराम कथा।
सीतापुर मार्ग स्थित बृज की रसोई परिसर में चल रही है श्रीराम कथा।