लखनऊ। लखनऊ विश्वविद्यालय परिसर में रविवार को दिव्य कला मेले के उद्घाटन समारोह में दिव्यांगजन सशक्तीकरण की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए 216 लाभार्थियों को 1.76 करोड़ रुपये के ऋण स्वीकृत किए गए।
मुख्य अतिथि केंद्रीय सामाजिक न्याय राज्य मंत्री बीएल वर्मा ने इसे आत्मनिर्भरता व समावेशी उद्यमिता को बढ़ावा देने की दिशा में ऐतिहासिक पहल बताई। दिव्यांगजनों के लिए नाैकरियों में अब पहले से ज्यादा चार प्रतिशत तक आरक्षण दिया जा रहा है। दिव्य कला मेला पीएम मोदी का विजन है। विधायक डॉ. नीरज बोरा ने इसे दिव्यांगजनों का सम्मान बताते हुए नागरिकों से दिव्यांग कलाकारों को प्रोत्साहन देने की अपील की। संयुक्त सचिव दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग राजीव शर्मा, एनएफडीसी के एमडी अनिल कुमार आदि माैजूद रहे।
जुबां नहीं, इनका हुनर बोलता है
सजग सार्थक फाउंडेशन दिल्ली से आए राजकुमार शर्मा करीब 150 दिव्यांग बच्चों के साथ मिलकर तैयार की गई थीम-पेंटिंग, पर्स और की-रिंग्स लेकर पहुंचे हैं। बोले-हमारे बच्चों की कला ही उनकी पहचान है। लखनऊ निवासी डेफ वूमेन फाउंडेशन की मिनी गोपाल अपने मूकबधिर बच्चों द्वारा तैयार लिफाफे, डायरियां, कैंडल और सजावटी सामान प्रदर्शित कर रही हैं। दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग की सहायक अध्यापिका अनामिका सिंह अपने कौशल विकास केंद्र के दिव्यांग बच्चों द्वारा बनाई गई 20 से अधिक प्रकार की आकर्षक कैंडल और वेस्ट मटेरियल से बने सजावटी सामान लेकर आई हैं।
लखनऊ विश्वविद्यालय परिसर में रविवार को दिव्य कला मेले का उद्घाटन हुआ।
लखनऊ विश्वविद्यालय परिसर में रविवार को दिव्य कला मेले का उद्घाटन हुआ।
लखनऊ विश्वविद्यालय परिसर में रविवार को दिव्य कला मेले का उद्घाटन हुआ।
लखनऊ विश्वविद्यालय परिसर में रविवार को दिव्य कला मेले का उद्घाटन हुआ।
लखनऊ विश्वविद्यालय परिसर में रविवार को दिव्य कला मेले का उद्घाटन हुआ।
लखनऊ विश्वविद्यालय परिसर में रविवार को दिव्य कला मेले का उद्घाटन हुआ।
लखनऊ विश्वविद्यालय परिसर में रविवार को दिव्य कला मेले का उद्घाटन हुआ।