राजधानी लखनऊ में ओटीपी ना आने से लोगों के लर्नर ड्राइविंग लाइसेंस नहीं बन पा रहे हैं। इससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हैरानी वाली बात यह है कि फीस समय पर कट जा रही है। लेकिन, फिर भी ओटीपी नहीं आ रही है।
उन्होंने आधार लिंक नंबर दूसरे मोबाइल फोन में डालकर भी प्रयास किया, पर ओटीपी नहीं आया। 350 रुपये की फीस कट चुकी है। लेकिन, डीएल भी नहीं बन पाया है। वह अकेली नहीं हैं। लर्नर ड्राइविंग लाइसेंस के लिए आवेदन करने वाले ऐसे सैकडों आवेदक हैं, जिनके मोबाइल पर सिर्फ डीएल से जुड़ा ओटीपी नहीं आ रहा है। पिछले कई हफ्तों से यह समस्या बनी हुई है।
इस दौरान ओटीपी नहीं मिलने से 1,450 आवेदकों के लर्नर लाइसेंस नहीं बन सके हैं, जबकि उनकी फीस भी कट गई है। ऐसे ही केशवनगर निवासी गौरी दीक्षित का लर्नर डीएल अटका हुआ है। जो दो बार आवेदन कर फीस जमा कर चुकी हैं।
हैरानी की बात यह है कि आवेदकों की इस समस्या का समाधान परिवहन विभाग के अफसरों के पास नहीं है। एनआईसी सर्वर की गड़बड़ी के चलते ऐसा हो रहा है। एनआईसी को समस्या के बाबत लिखित रूप में जानकारी दी गई है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो रही। ऐसे में आवेदकों की समस्याओं का निस्तारण कैसे होगा, बताने वाला कोई नहीं है।