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5वां चरण: इन दिग्गजों की किस्मत है दांव पर

Sun, 13 Apr 2014 08:26 AM IST
महेंद्र तिवारी/अमर उजाला, लखनऊ
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16 वीं लोकसभा के पांचवे चरण का सियासी संग्राम सरयू व संगम के मैदान में लड़ा जाएगा जिससे कांग्रेस के युवराज और उपाध्यक्ष राहुल गांधी के भाग्य का फैसला होगा।
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वहीं गांधी परिवार के दूसरे युवराज, भाजपा महासचिव वरुण गांधी की सियासी तकदीर को भी यहीं से दिशा मिलेगी।

अमेठी में राहुल को चुनौती देने के लिए भाजपा ने टीवी सीरियल की बहू स्मृति ईरानी को उतारा है तो ‘आप’ के कुमार विश्वास काफी वक्त से अमेठी की खाक छान रहे हैं।

वरुण गांधी के सामने कांग्रेस ने सुल्तानपुर में वरुण के पिता संजय गांधी के खासमखास रहे सांसद संजय सिंह की पत्नी अमिता सिंह को उतार दिया है।

यहां पर है कड़ा मुकाबला

रामजन्म भूमि आंदोलन को लेकर दशकों से सुर्खियों में रहने वाली अयोध्या की फैजाबाद सीट पर कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष निर्मल खत्री उलझे हैं तो भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रमापति राम त्रिपाठी की प्रतिष्ठा बेटे के साथ लग गई है।

खत्री को भाजपा के पूर्व मंत्री लल्लू सिंह चुनौती दे रहे हैं तो त्रिपाठी ने पूर्वांचल के क्षत्रप हरिशंकर तिवारी के बेटे व संतकबीरनगर से मौजूदा बसपा सांसद भीष्म शंकर उर्फ कुशल तिवारी के सामने अपने पुत्र शरद त्रिपाठी को टिकट दिलवाया है।

गोंडा से लगातार दूसरी बार भाग्य आजमा रहे कांग्रेस प्रत्याशी इस्पात मंत्री बेनी प्रसाद वर्मा को दो पूर्व सांसदों कीर्तिवर्धन सिंह व अकबर अहमद डंपी के साथ सपा विधायक नंदिता शुक्ला से चुनौती मिल रही है।

कीर्तिवर्धन सपा और बसपा होते हुए भाजपा में आए हैं तो डंपी बसपा के सहारे अल्पसंख्यक मतों को ध्रुवीकृत करने की कोशिश में हैं। पीस पार्टी ने यहां से मुस्लिम चेहरे मसूद आलम खां को उतारा है।

तीन मंत्रियों के भाग्य का फैसला

पांचवें चरण में जिन 15 सीटों पर चुनाव होने जा रहा है उसमें प्रदेश सरकार के तीन मंत्रियों का रसूख दांव पर लगा है।

अंबेडकरनगर सीट से सपा ने दुग्ध विकास मंत्री राममूर्ति वर्मा को उतारा है तो बस्ती सीट से पशुधन मंत्री राजकिशोर सिंह के भाई बृज किशोर सिंह मैदान में हैं।

ये दोनों ही सीटें क्रमश: बसपा के राकेश पांडेय व अरविंद चौधरी के कब्जे में हैं। बस्ती सीट से भाजपा युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष रहे हरीश द्विवेदी और बसपा विधायक राम प्रसाद चौधरी तगड़ी चुनौती पेश कर रहे हैं।

तीसरे मंत्री माध्यमिक शिक्षा राज्यमंत्री विनोद कुमार सिंह उर्फ पंडित सिंह कैसरगंज से मैदान में हैं। कैसरगंज के निवर्तमान सांसद बृजभूषण शरण सिंह द्वारा सपा का टिकट लौटाने के बाद मुलायम सिंह ने पंडित को मैदान में उतारा है।

दो बाहुबली आमने सामने

दिलचस्प लड़ाई नेपाल की अंतर्राष्ट्रीय सीमा से सटी श्रावस्ती सीट पर भी देखने को मिलेगी। यहां से दो दिग्गज बाहुबली रिजवान जहीर और अतीक अहमद आ डटे हैं।

अतीक को सपा ने इलाहाबाद से लाकर यहां का प्रत्याशी बनाया है तो जहीर बसपा से टिकट न मिलने के बाद पीस पार्टी से आ गए हैं।

भाजपा ने पूर्व मंत्री दद्दन मिश्र, तो बसपा ने पूर्व वित्त मंत्री लालजी वर्मा को उतारा है। यहां से कांग्रेस सांसद विनय कुमार पांडेय फिर मैदान में हैं।

प्रतापगढ़ की सीट पर कड़ा मुकाबला

यह देखना भी खासा दिलचस्प होगा कि प्रतापगढ़ की मौजूदा सांसद राजकुमारी रत्ना सिंह को राजग के सहयोगी ‘अपना दल’ से मैदान में उतरे ठाकुर हरवंश कितनी तगड़ी चुनौती दे पाते हैं?

ठाकुर हरवंश क्षत्रिय महासभा के अध्यक्ष हैं। संगम की रेती में सियासत का रण भी खासा दिलचस्प होगा।

सपा के मौजूदा सांसद कुंवर रेवती रमण सिंह को इलाहाबाद में चुनौती देने के लिए भाजपा से पूर्व सांसद श्यामाचरण गुप्त और कांग्रेस से पूर्व मंत्री नंद गोपाल नंदी आ गए हैं। दोनों ही दलबदल कर मैदान में आए हैं।

क्रिकेटर कैफ के भाग्य का फैसला

क्रिकेट के मैदान से सियासत के मैदान में फूलपुर से कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में किस्मत आजमा रहे क्रिकेटर मो. कैफ की सियासी किस्मत को मंजिल मिल पाती है या नहीं, इस पर भी लोगों की नजरें होंगी।

कौशांबी से सपा के मौजूदा सांसद शैलेंद्र कुमार फिर मैदान में हैं तो भदोही सीट से पूर्व मंत्री डा. राकेशधर त्रिपाठी बसपा प्रत्याशी के रूप में भाग्य आजमा रहे हैं।

खास बात है कि कैफ अभी भी खेल में सक्रिय हैं, वोट करते समय जनता इस बात को भी ध्यान में रखेगी कि वो जीत के बाद कितना वक्त क्षेत्र को दे पाएंगे।

भाजपा के पास खोने को कुछ नहीं

पांचवें चरण की जिन 15 सीटों पर चुनाव हो रहा है उनमें अकेले सात सीटें इस समय कांग्रेस के पास हैं। बसपा के पास पांच और सपा के पास तीन सीटें हैं।

भाजपा के पास एक भी सीट नहीं है। इस चरण में उसे कुछ भी नहीं खोना है। भाजपा ने ज्यादा से ज्यादा सीटें जीतने के लिए अपने तरकश के सारे तीर चला दिए हैं।

न सिर्फ राष्ट्रीय महासचिव वरुण गांधी, टीवी कलाकार स्मृति ईरानी को बाहर से लाकर यहां आजमाया है बल्कि दूसरे दलों के दिग्गज चेहरों को अपने पाले में लाकर मुख्य लड़ाई में खड़ा करने की रणनीति आजमाई है।

गोंडा, कैसरगंज, इलाहाबाद में दूसरे दल से आए पूर्व सांसदों को अपने कैडर पर वरीयता दी है।

यहां बसपा ने उतारे नये चेहरे

इस बार बस्ती के मौजूदा सांसद अरविंद चौधरी और भदोही के सांसद गोरखनाथ पांडेय मैदान में नहीं हैं। ये दोनों ही सीटें बसपा के कब्जे में हैं।

बसपा ने दोनों प्रत्याशियों का टिकट काटकर नए चेहरों को मौका दिया है।

अरविंद के स्थान पर उनके चाचा विधायक राम प्रसाद चौधरी को टिकट मिला है तो पांडेय की जगह पूर्व मंत्री राकेशधर त्रिपाठी आ गए हैं।

15 वीं लोकसभा में ये जीते

अमेठी-राहुल गांधी-कांग्रेस
सुल्तानपुर-डा.संजय सिंह-कांग्रेस

प्रतापगढ़-राजकुमारी रत्ना सिंहा-कांग्रेस
कौशांबी (अ.जा.)-शैलेंद्र कुमार-सपा

फूलपुर-कपिल मुनि करवरिया-बसपा
इलाहाबाद-कुंवर रेवती रमण सिंह-सपा

फैजाबाद-डा. निर्मल खत्री-कांग्रेस
अंबेडकरनगर-राकेश पांडेय-बसपा

यहां भी जीत से दूर रही भाजपा

बहराइच-कमल किशोर कमांडो-कांग्रेस
कैसरगंज-बृजभूषण शरण सिंह-सपा

श्रावस्ती-विनय कुमार पांडेय-कांग्रेस
गोंडा-बेनी प्रसाद वर्मा-कांग्रेस

बस्ती-अरविंद कुमार चौधरी-बसपा
संतकबीरनगर-भीष्म शंकर उर्फ कुशल तिवारी-बसपा

भदोही-गोरखनाथ पांडेय-बसपा
कुल सीटें-15, कांग्रेस-07, बसपा-05, सपा-03, भाजपा-00

ये दिग्गज हैं इन सीटों पर

अमेठी
कांग्रेस-राहुल गांधी (सांसद)
भाजपा-स्मृति ईरानी (छोटे पर्दे की बहू)
आप-कुमार विश्वास (कवि)
बसपा-डा. धर्मेंद्र प्रताप सिंह

सुल्तानपुर
भाजपा-वरुण गांधी (राष्ट्रीय महासचिव)
कांग्रेस-अमिता सिंह (सांसद संजय सिंह की पत्नी)
सपा-शकील अहमद खान
बसपा-पवन पांडेय

ये सीटें भी हैं चर्चा में

प्रतापगढ़
कांग्रेस-राजकुमारी रत्ना सिंह (सांसद)
अपना दल (राजग)-ठाकुर हरवंश
सपा-प्रमोद पटेल
बसपा-आसिफ निजामुद्दीन सिद्दीकी
आप-अशोक कुमार शुक्ला

कौशांबी (अ.जा.)
सपा-शैलेंद्र कुमार (सांसद)
कांग्रेस-महेंद्र गौतम
भाजपा-विनोद सोनकर
बसपा-सुरेश पासी
आप-डा. शीतला प्रसाद

यहां से क्रिकेटर कैफ हैं मैदान में

फूलपुर
बसपा-कपिल मुनि करवरिया (सांसद)
कांग्रेस-मो. कैफ (क्रिकेटर)
भाजपा-केशव मौर्या
सपा-धर्मराज सिंह पटेल
आप-शिमला श्री

इलाहाबाद
सपा-कुंवर रेवती रमण सिंह (सांसद)
कांग्रेस-नंद गोपाल गुप्ता ‘नंदी’ (पूर्व मंत्री)
भाजपा-श्यामाचरण गुप्त (पूर्व सांसद)
बसपा-केशरी देवी पटेल

बदल सकता है इन सीटों पर परिणाम

फैजाबाद
कांग्रेस-निर्मल खत्री (सांसद)
भाजपा-लल्लू सिंह (पूर्व मंत्री)
सपा-मित्रसेन यादव (पूर्व सांसद)
बसपा-जितेंद्र सिंह बब्लू

अंबेडकरनगर
बसपा-राकेश पांडेय (सांसद)
सपा-राममूर्ति वर्मा (मंत्री)
कांग्रेस-अशोक सिंह
भाजपा-हरीओम पांडेय
आप-कर्मवीर चक्रवर्ती

श्रावस्ती और बहराइच में ये प्रत्याशी

बहराइच (अ.जा.)
कांग्रेस-कमल किशोर कमांडो (सांसद)
भाजपा-सावित्री बाई फुले (विधायक)
सपा-शब्बीर अहमद बाल्मीकि (विधायक)
बसपा-डा. विजय कुमार (विधायक)

श्रावस्ती
कांग्रेस-विनय कुमार पांडेय (सांसद)
भाजपा-दद्दन मिश्र (पूर्व मंत्री)
सपा-अतीक अहमद (पूर्व सांसद)
बसपा-लालजी वर्मा (पूर्व मंत्री)
पीस पार्टी-रिजवान जहीर (पूर्व सांसद)

गोंडा से बेनी का दावा है मजबूत

गोंडा
कांग्रेस-बेनी प्रसाद वर्मा (सांसद)
भाजपा-कीर्तिवर्धन सिंह (पूर्व सांसद)
सपा-नंदिता शुक्ला (विधायक)
बसपा-अकबर अहमद डंपी (पूर्व सांसद)
पीस पार्टी-मसूद आलम खां

कैसरगंज-भाजपा-बृजभूषण शरण सिंह (निवर्तमान सांसद)
सपा-विनोद कुमार सिंह उर्फ पंडित सिंह (राज्यमंत्री)
बसपा-केके ओझा (विधायक)
कांग्रेस-मुकेश श्रीवास्तव (विधायक)
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बस्ती और संतकबीर नगर से ये प्रत्याशी

बस्ती
बसपा-राम प्रसाद चौधरी (विधायक)
कांग्रेस-संजय जायसवाल
भाजपा-हरीश द्विवेदी (भाजपा युवा मोर्चा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष)
सपा-बृज किशोर सिंह (पशुधन मंत्री राजकिशोर सिंह के भाई)

संतकबीरनगर
बसपा-भीष्म शंकर उर्फ कुशल तिवारी (सांसद)
भाजपा-शरद त्रिपाठी (भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रमापति राम त्रिपाठी के पुत्र)
सपा-भालचंद यादव (पूर्व सांसद)
कांग्रेस-रोहित पांडेय
आप-आफताब आलम खान
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