कानपुर रोड योजना के 12 अपार्टमेंट में करीब 1900 फ्लैटोें की कीमत कम करने की कवायद एलडीए शुरू कर रहा है। वीसी ने इसके लिए सोमवार को पांच सदस्यीय समिति भी बनाने का आदेश कर दिया। इसमें वित्त अधिकारी को अध्यक्ष बनाया गया है। कमेटी 10 दिन में वीसी को रिपोर्ट देगी।
एलडीए वीसी प्रभु एन सिंह का कहना है कि कानपुर रोड योजना और शारदानगर योजना में बहुमंजिला आवासीय योजना में अलग-अलग श्रेणी के करीब 1900 फ्लैट बिना बिके पड़े हुए हैं। इनमें से अधिकांश का निर्माण व्यावसायिक भूमि पर होने से फ्लैटों की कीमतें बढ़ गईं।
इनके लिए 31 मार्च तक तीन माह के लिए पंजीकरण खोलने के बाद भी बहुत कम ने रुचि दिखाई। कहा कि कीमत अधिक होने से जहां जरूरतमंदों को आवास नहीं मिल पा रहा वहीं प्राधिकरण की भी करीब 250 करोड़ रुपये की संपत्तियां फंसी हुई हैं।
एयरपोर्ट की जमीन को बनाया जाना है विकल्प
डेमो
समिति में वित्त नियंत्रक राजीव कुमार सिंह के अलावा मुख्य अभियंता इंदुशेखर सिंह, ओएसडी राजेश कुमार शुक्ला, अधिशाषी अभियंता आरडी राय, डिप्टी कॉस्ट एकाउंटेंट मुकेश अग्रवाल को रखा गया है। समिति अपनी रिपोर्ट वीसी को 25 मई तक संस्तुति के साथ देगी। इसमें एयरपोर्ट की जमीन की खरीद के बाद इन अपार्टमेंट की जमीनों के व्यावसायिक भू-उपयोग को आपस में बदलने के विकल्प का प्रमुख रूप से आकलन किया जाना है।
इनमें नहीं बिके फ्लैट
पूर्वा, फाल्गुनी, आद्रा, श्रवण, मृगशिरा, आश्लेषा, मेधा, भरणी, रश्मिलोक, रतनलोक, दीपशिखा, सनराइज।