लखनऊ। एलडीए टेंडर प्रक्रिया को पारदर्शी और तेज बनाने के लिए नई व्यवस्था लागू करने वाला है। इसके लिए इंडिया एआई मिशन के तहत एआई आधारित एक एप तैयार कराया जा रहा है। यह एप टेंडरों की तकनीकी और वित्तीय जांच करेगा, जिससे फर्जी दस्तावेज पर प्रभावी रोक लगेगी, जांच में लगने वाला समय भी बचेगा।
अभी तक किसी भी टेंडर के मूल्यांकन और दस्तावेज की जांच में 15 से 30 दिन लगते हैं। एआई एप शुरू होने के बाद यह पूरी प्रक्रिया एक दिन में पूरी हो सकेगी। इससे परियोजनाओं के आवंटन में तेजी आएगी। एलडीए अधिकारियों के अनुसार, एक टेंडर में औसतन 50 से 60 पन्नों के दस्तावेज होते हैं। इन दस्तावेज की मैन्युअल जांच में काफी समय लगता है। एआई एप इन दस्तावेज का तेजी से विश्लेषण करेगा। फर्जी दस्तावेज या नियमों के विपरीत जानकारी को स्वतः चिह्नित कर देगा। नई व्यवस्था से टेंडर की शर्तों में मनमानी बदलाव कराना भी आसान नहीं होगा। एआई प्रणाली निर्धारित मानकों के आधार पर पूरी प्रक्रिया का मूल्यांकन करेगी। इससे पारदर्शिता बढ़ेगी और गड़बड़ियों पर प्रभावी रोक लग सकेगी। इस बारे में एलडीए के मुख्य अभियंता मानवेंद्र सिंह ने बताया कि प्रक्रिया को आसान बनाने और समय की बचत को लेकर नई तकनीक के उपयोग पर विचार चल रहा है।