प्रदेश के उन इलाकों में जहां अच्छे स्कूल कम हैं उनके लिए एक बड़ी खुशखबरी है। प्रदेश सरकार दूर-दराज के इलाकों में खुले मेडिकल कॉलेजों में अब सीबीएसई के स्कूल खोलने जा रही है। यह स्कूल मेडिकल कॉलेज में पढ़ाने वाले शिक्षकों व काम करने वाले कर्मियों के बच्चों के लिए खोले जाएंगे।
यह स्कूल पीपीपी मॉडल पर खोले जाएंगे। इसके लिए सरकार मेडिकल कॉलेज परिसर में ही दो एकड़ भूमि लीज पर निशुल्क उपलब्ध कराएगी। अखिलेश यादव की कैबिनेट ने इस प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान कर दी है।
दरअसल, सरकार यह कवायद इसलिए करने जा रही है क्योंकि अभी कई जिलों में मेडिकल कॉलेज ऐसी जगह खुले हैं जो शहर के बाहर हैं। यह मेडिकल कॉलेज ऐसे जिलों में हैं जहां ढंग की फैकल्टी व कर्मचारी जाने को तैयार नहीं हैं। इस कारण सरकार इन मेडिकल कॉलेजों में सीबीएसई के अच्छे स्कूल खोलने जा रही है।
प्रदेश सरकार स्कूल खोलने के लिए निजी संस्थाओं को मेडिकल कॉलेज परिसर में न सिर्फ जमीन उपलब्ध कराएगी। विद्यालय संचालकों का चयन डीएम की अध्यक्षता में गठित समिति करेगी। इस समिति में संबंधित मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य, मुख्य चिकित्साधिकारी एवं जिला विद्यालय निरीक्षक सदस्य होंगे।
प्रदेश में यह स्कूल राजकीय मेडिकल कॉलेज, अंबेडकरनगर, राजकीय मेडिकल कॉलेज, आजमगढ़, राजकीय मेडिकल कॉलेज, सहारनपुर, राजकीय मेडिकल कॉलेज, कन्नौज, राजकीय मेडिकल कॉलेज, बांदा, राजकीय मेडिकल कॉलेज, जालौन और राजकीय मेडिकल कॉलेज, जौनपुर में खोले जाएंगे।