यूपी की सड़कें सरकार के वादे के मुताबिक 15 जून तक गड्ढामुक्त क्यों नहीं हो पाईं इस पर डिप्टी सीएम केशव मौर्य ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके सफाई दी है। केशव मौर्य ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, यूपी में बीजेपी सरकार के शपथ लेने के बाद कई निर्णय हुए जिसमें कैबिनेट की पहली बैठक में किसानों का कर्ज माफ करने का फैसला लिया गया। गन्ना किसानों का बकाया बहुत दिनों से चल रहा था लेकिन भुगतान नहीं हो रहा था। हमारी सरकार ने गन्ना किसानों के भुगतान का रिकॉर्ड कायम किया है। हमारी सरकार को 100 दिन नहीं हुए हैं फिर भी भुगतान का सबसे ज्यादा काम किया है।
मौर्या ने कहा, गर्मी में बिजली की किल्लत रहती थी अब गांव को 18, तहसील को 20 और जिला मुख्यालय को 24 घंटे बिजली मिल रही है। ट्रांसफॉर्मर अब महीनों नहीं पड़े रहते हैं।
उन्होंने का, एंटी भूमाफिया टास्क फोर्स का गठन हुआ है, महिलाओं की सुरक्षा के लिए एंटी रोमियो स्क्वायड का गठन हुआ है और स्वास्थ्य सेवाओं में भी सुधार है।
केशव मौर्य ने कहा, सरकार बनने के बाद बहुत बड़ा फैसला लिया कि सड़कें गडढा मुक्त की जाएंगी। ये घोषणा की गईं कि 15 जून तक सड़कें गड्ढामुक्त कर दी जाएंगी। मुझे इस बात की खुशी है कि हमें लोक निर्माण विभाग की 76456 किमी सड़कें ठीक हो गई हैं ये रिकॉर्ड है।
15 साल में जितने गड्ढा मुक्ति का काम नहीं हुआ होगा उससे ज्यादा हमने विपरीत परिस्थितियों में कर दिखाया। हमें 85 फीसदी सड़कें खराब मिली थीं। केशव मौर्य ने खराब और सही सड़कों का आंकड़ा भी पेश किया साथ ही कहा कि योगी जी के नेतृत्व पर विश्वास बनाए रखें हम विपरीत परिस्थितियों में काम कर रहे हैं और सड़कें सुधारने का काम आगे भी जारी रहेगा।
बता दें कि यूपी में योगी सरकार बनने के बाद कैबिनेट मीटिंग में ऐलान किया गया था कि 15 जून तक यूपी की सड़कें गड्ढा मुक्त होंगी। हालांकि आज 15 जून है और सड़कों का हाल जस के तस है। हालांकि सरकार से सबको काफी उम्मीदें हैं लिहाजा एक-एक वादे की समीक्षा भी की जा रही है। ऐसे में योगी सरकार का ये वादा न पूरा हो पाने पर सवाल उठाए जा रहे हैं।