अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद (एएचपी) ने हिंदू महासभा के पूर्व अध्यक्ष कमलेश तिवारी की हत्या की कठोर निंदा की है। साथ ही प्रदेश में एक के बाद एक हिंदू संगठनों के नेताओं की हत्या को चिंताजनक बताते हुए शनिवार को देशभर में जिलाधिकारियों के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजने की घोषणा की है।
यह जानकारी एएचपी के संयुक्त प्रांत संगठन मंत्री वेद सचान ने दी है। उन्होंने कहा कि तिवारी के हत्यारों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी कर उन्हें कठोर सजा दिलाई जाए।
हिंदूवादी नेताओं की क्यों घटाई जा रही सुरक्षा
उन्होंने मांग की कि कमलेश तिवारी की सुरक्षा घटाने की वजह की जांच होनी चाहिए। आखिर तिवारी को जब लगातार जान से मारने की धमकी दी जा रही थी तब सुरक्षा घटाने की सिफारिश किसने कर दी।
सचान ने आरोप लगाया है कि हिंदूवादी नेताओं की सुरक्षा घटाना चिंताजनक है। सरकार ने डॉ. प्रवीण भाई तोगड़िया की भी सुरक्षा घटा दी है। जिस पर उसे पुनर्विचार करना चाहिए। तोगड़िया को तो अंतराष्ट्रीय आंतकी संगठनों की तरफ से हत्या की धमकी दी जा रही है।