बुधवार सुबह लालचंद अली कूड़ा गाड़ी लेकर खुर्रमनगर चौराहा गया था। साथ में अरना व डेढ़ साल की बेटी नाजनीन भी थी। चौराहा के पास ही अरना ने बच्ची को सड़क किनारे बनी सीढ़ियों पर बैठा दिया और खुद कूड़ा उठाकर गाड़ी में डालने लगी।
कूड़ा लेकर लालचंद ने गाड़ी बैक की। इसी बीच सीढ़ियों पर खेल रही बच्ची लुढ़ककर नीचे सड़क पर आ गई। लालचंद की गाड़ी उसे कुचलती हुई निकल गई। बच्ची की चीखें सुनकर अरना शोर मचाते हुए दौड़ी।
लालचंद गाड़ी रोककर नीचे उतरा तो खून से लथपथ बेटी को देख पैरों तले जमीन खिसक गई। वह नाजनीन को गोद में उठाकर रोते-पीटते हुए अस्पताल भागा जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने बताया कि लालचंद अली मूलरूप से असम का रहने वाला है और कई साल से लखनऊ में ही रहकर छोटी-मोटी नौकरी कर रहा है। तीन साल पहले ही उसने असमिया मूल की अरना से शादी की थी। नाजनीन उनकी इकलौती बेटी थी।