तेजी से पिघल रहे हैं हिमालय के ग्लेशियर
लखनऊ। हिमालय के बर्फीले पहाड़ और वहां की जमी बर्फ अब पहले से कहीं ज्यादा तेजी से पिघल रही है। यह जानकारी लखनऊ विश्वविद्यालय के भूविज्ञान विभाग के डॉ. विनीत कुमार के शोध में सामने आई है। उनके इस अध्ययन को अंतरराष्ट्रीय जर्नल एनवायर्नमेंटल माॅनिटरिंग एंड एसेसमेंट ने प्रमुखता से छापा है।
डाॅ. विनीत ने लद्दाख के जास्कर हिमालय इलाके के दो बड़े ग्लेशियरों दुर्ग-ड्रंग और पेंसिलुंगपा का बारीकी से अध्ययन किया है। शोध में पाया गया कि साल 2015 से 2023 के बीच दुर्ग-ड्रंग ग्लेशियर करीब 165 मीटर और पेंसिलुंगपा ग्लेशियर लगभग 80 मीटर पीछे हट गए हैं। यानी बर्फ अब पहले से कहीं ज्यादा तेजी से पिघल रही है।
दोगुना हुआ कई झीलों का जलस्तर
शोध में पाया गया कि ग्लेशियरों के पास बनी झीलों का आकार भी तेजी से बढ़ रहा है। दुर्ग-ड्रंग ग्लेशियर के पास की झील पिछले 20 सालों में 160 फीसदी बड़ी हो चुकी है और उसका जलस्तर लगभग दोगुना हो गया है। डॉ. विनीत कुमार का कहना है कि जलवायु परिवर्तन की वजह से यदि बर्फ इसी तरह पिघलती रही तो आने वाले सालों में नदियों के जलस्तर, खेती और लोगों की जिंदगी पर बड़ा असर पड़ेगा। यही नहीं अगर यह सिलसिला नहीं रुका तो झीलों के फटने से बाढ़ जैसी आपदाएं भी आ सकती हैं।