मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने 12 फरवरी को 12.20 मिनट पर बतौर वित्त मंत्री पांचवां बजट पेश किया। सीएम ने अब तक का सबसे बड़ा बजट पेश किया। बजट में यूपी के लिए 3.46 लाख करोड़ रुपये हैं। ये बजट पिछले बजट से 14.6 प्रतिशत ज्यादा है।
- अशासकीय शिक्षकों के मानदेय की व्यवस्था की।
- कृषि शिक्षा और स्वास्थ्य पर ज्यादा जोर।
- समाजवादी पेंशन का दायरा बढ़ा।
- आबकारी कर और वैट में दस-दस फीसदी की वृद्घि।
- इस बजट से राजस्व प्राप्ति 3.40 लाख करोड़ का अनुमान।
- 5 साल में पहली बार 4 प्रतिशत का राजकोषीय घाटा।
- वृद्धावस्था पेंशन के दायरे में 39 लाख महिलाएं आ जाएंगी।
- समाजवादी पूर्वांचल एक्सप्रेस को मिला बजट।
- 1.18 करोड़ लोगों तक पहुंचेगा सभी योजनाओं का लाभ।
- पिछले साल से 14.6 प्रतिशत ज्यादा बजट।
- राजकीय मेडिकल कॉलेज की संख्या बढ़ाकर 16 हुई। एमबीबीएस की सीट बढ़कर 1700 हुई।