- परीक्षा से पहले कट ऑफ तय नहीं थी। जब परीक्षा हो चुकी है तो उसके बाद कट ऑफ तय नहीं की जा सकती।
- पिछली परीक्षा में अनारक्षित व आरक्षित वर्गों के लिए कट ऑफ क्रमश: 45 व 40 प्रतिशत रखा गया था। इस दफा बहुत ज्यादा रखा गया है।
- यूपी बेसिक शिक्षा (शिक्षक) सेवा (बीसवां संशोधन) नियमावली 2017 के अनुसार, अभ्यर्थी को केवल परीक्षा पास करनी होती है, कट ऑफ या क्वालीफाइंग मार्क्स का नियम नहीं है।
- परीक्षा होने के बाद नए नियम बनाए गए हैं, जो अवैधानिक हैं।
- किसी खेल के शुरू होने के बाद न तो उसके नियम बदले जा सकते हैं, न नए नियम जोड़े जा सकते हैं।
- सरकार का सात जनवरी को शासनादेश किन्हीं अन्य उद्देश्यों के प्रभाव में बनाया गया लगता है, जिससे बीएड डिग्री धारकों को फायदा मिले और शिक्षामित्र बाहर हो जाएं।
- शिक्षामित्रों को सुप्रीम कोर्ट ने टीईटी पास करने के बाद केवल दो दफा लगातार होने वाली भर्ती परीक्षा में शामिल होने का मौका दिया ह। यह दूसरा व अंतिम मौका है। उनका अवसर बना रहना चाहिए।