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यूपी में नया बिजली कनेक्शन लेने वालों के लिए खुशखबरी

Tue, 18 Aug 2015 12:10 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला,लखनऊ
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घरेलू उपभोक्ताओं को नया बिजली कनेक्शन लेने के लिए फिलहाल ज्यादा कीमत नहीं चुकानी होगी। औद्योगिक एवं वाणिज्यिक श्रेणी का नया कनेक्शन लेना जरूर महंगा हो सकता है।
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राज्य विद्युत नियामक आयोग के अध्यक्ष देश दीपक वर्मा की अध्यक्षता में सोमवार को हुई सप्लाई कोड रिव्यू पैनल उप समिति की बैठक में कॉस्ट डाटा बुक को अंतिम रूप दे दिया गया। जल्द ही आयोग इसे जारी करेगा।

बिजली कनेक्शन लेते समय वसूल किए जाने वाले विभिन्न शुल्कों का निर्धारण कॉस्ट डाटा बुक में किया जाता है। नियमानुसार कॉर्पोरेशन तय शुल्क से ज्यादा वसूल नहीं कर सकता है।
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2015-16 के लिए कॉस्ट डाटा बुक की दरें तय करने के लिए सप्लाई कोड रिव्यू पैनल की बैठक में घरेलू कनेक्शन के लिए सिक्योरिटी,सिस्टम लोडिंग समेत अन्य चार्ज में कोई बढ़ोतरी न करने पर सहमति हो गई।

बड़े उपभोक्ताओं की कनेक्शन की दरों में जरूर इजाफा किया जा सकता है। पावर कॉर्पोरेशन के निदेशक वितरण केएम मित्तल,मध्यांचल वितरण निगम के एमडी शमीम अहमद तथा लेसा के मुख्य अभियंता एसके वर्मा समेत अन्य अधिकारियों ने जहां कनेक्शन देने में इस्तेमाल होने वाले सामानों की कीमतों में वृद्धि की बात कहते हुए कॉस्ट डाटा बुक में शुल्क की दरों में वृद्धि की मांग उठाई वहीं उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने इसका तगड़ा विरोध किया।
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मीटर की रीडिंग छिपाने पर होगा एक्‍शन

विचार-विमर्श के बाद नियामक आयोग के अध्यक्ष ने सहमति दी कि घरेलू उपभोक्ताओं की कनेक्शन की दरों में कोई इजाफा नहीं होगा। आयोग ने कॉर्पोरेशन के निदेशक वितरण व मध्यांचल के एमडी को यह निर्देश दिया कि मंगलवार तक ट्यूबलर पोल,मीटर,कंडक्टर,केबिल आदि की खरीद के लिए परचेज कमेटी की बैठक का एजेंडा उपलब्ध कराएं,जिससे परीक्षण हो सके कि किसी सामग्री की दर ज्यादा न तय हो सके।

वहीं,पावर कॉर्पोरेशन की ओर से यह प्रस्ताव रखा गया कि अगर कोई उपभोक्ता अपने मीटर की वास्तविक रीडिंग को छिपाकर कम रीडिंग का बिल बनवाता है तो उसके खिलाफ विद्युत अधिनियम 2003 की धारा 135 के तहत बिजली चोरी का मामला दर्ज करके कार्रवाई की जाए। उपभोक्ता परिषद ने यह कहते हुए इसका विरोध किया। आयोग का कहना था कि ऐसे उपभोक्ताओं पर पेनाल्टी लगाई जा सकती है।
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