नापजोख करने पहुंचे एलडीए अफसरों का कहना है कि विकास दुबे के साथ एक ही स्लैब डालकर चार मकान बने मिले हैं। टीम बाकी तीन मकानों की नाप ही कर सकी। हालांकि, विकास के मकान की बाहर से नाप और निर्माण की जांच कर ली गई है। देर रात तक रिपोर्ट फाइनल नहीं हो सकी थी।
टीम ने मकान संख्या 424 की जांच शुरू की गई। 424 भूखंड पर धर्मेंद्र ग्रोवर के नाम से नक्शा 6000 वर्गफीट में स्वीकृत है। जिस जमीन पर नक्शा स्वीकृत है, उस पर चार मकान बने हैं। विकास के बताए जा रहे मकान 424 के अलावा 424ए, 424सी, 424डी भी यहां मिले। 424ए का निर्माण तीन मंजिला तक हो गया है। बाकी मकान भूतल ही हैं। इसमें सभी की स्लैब एक साथ डाली गई है। ऐसे में अगर अवैध निर्माण मिलने पर तोड़ा गया तो बाकी तीनों मकानों को भी नुकसान होने की आशंका रहेगी।
आखिर क्यों नहीं खुल पाया ताला?
एलडीए के अधिकारियों का कहना है कि जांच के लिए पुलिस से भी मदद मांगी गई थी। हालांकि, ताला नहीं खुल सका। इससे अंदर जांच नहीं कर पाए। बाकी मकानों की उनके भवन स्वामियों की मौजूदगी में जांच की गई है।