फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

साल का पहला सूर्यग्रहण 21 को, 12 घंटे पहले लग जाएगा सूतक, इन राशियों के लिए रहेगा शुभकारक

Thu, 18 Jun 2020 01:11 PM IST
अमर उजाला लोकल ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
विज्ञापन
1 of 5
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला।
साल का पहला खंडग्रास सूर्यग्रहण 21 जून को होगा। इस दौरान लखनऊ के तमाम मंदिर दोपहर तक बंद रहेंगे। सुबह करीब 10:30 बजे से शुरू होने वाला ग्रहण 3 घंटे से भी अधिक समय तक रहेगा। सूतक 12 घंटे पहले यानी शनिवार की रात 10 बजे से लग जाएगा। सूतक के दौरान पूजा-अर्चना वर्जित रहेगी।
विज्ञापन

2 of 5
प्रतीकात्मक तस्वीर
सूर्यग्रहण समाप्त होने के बाद रविवार को दोपहर 3 बजे से मंदिरों के कपाट खुलेंगे। मनकामेश्वर, हनुमान सेतु सहित शहर के अन्य चर्चित शिवालय, हनुमान मंदिर, दुर्गा मंदिर सूतक के दौरान बंद रहेंगे। अलीगंज के ज्योतिषी एसएस नागपाल ने बताया कि 21 जून को लगने वाला साल का यह पहला सूर्यग्रहण मृगशिरा नक्षत्र में लगेगा। सूर्य ग्रहण के दिन 6 ग्रह शनि, गुरु, शुक्र, बुध, वक्री होंगे। राहु, केतु वक्री रहते हैं।

विज्ञापन

3 of 5
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
सूर्य ग्रहण में 30 दिन के अंदर ग्रहण के नकारात्मक प्रभाव के चलते पृथ्वी पर प्राकृतिक आपदाएं, भूकंप, समुद्री तूफान, बाढ़ आदि के अलावा सीमा पर तनाव हो सकता है। ग्रहण मेष, सिंह, कन्या और मकर के लिए शुभ कारक बताया जा रहा है जबकि अन्य राशि के जातकों के लिए इसका असर कष्ट कारक हो सकता है।  

4 of 5
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : NASA
करीब तीन घंटे तक रहेगा ग्रहण
आचार्य प्रदीप ने बुधवार को बताया कि 21 जून को पड़ने वाला खंडग्रास सूर्यग्रहण तीन घंटे से भी अधिक समय तक रहेगा। काशी समय के अनुसार ग्रहण का स्पर्श सुबह 10:31 बजे से होगा जबकि ग्रहण का मध्य दोपहर में 12:18 बजे और मोक्ष दोपहर 02:04 बजे होगा। लखनऊ का समय कुछ बदला रहेगा। उन्होंने बताया सूर्य ग्रहण का सूतक 12 घंटे पहले शुरू हो जाता है। ग्रहण का सूतक शनिवार की रात 10:31 बजे से शुरू हो जाएगा।      
 
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
प्रतीकात्मक तस्वीर
ग्रहण काल के दौरान करें जाप 
नागपाल ने बताया कि ग्रहण के दौरान महामृत्युंजय मंत्र के जाप के साथ भगवान शिव और विष्णु के मंत्रों का जाप करना चाहिए। सूतक काल में देवी देवताओं की मूर्तियां न छुएं, सूतक काल से ही गर्भवती महिलाओं को कटाई, सिलाई से बचना चाहिए। सूतक काल से पहले खाने-पीने की वस्तुओं में तुलसी दल अवश्य डालें। 
 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें