अलीगंज आईटीआई परिसर स्थित कौशल विकास मिशन केंद्र में रविवार दोपहर आग लग गई। अंदर से धुआं और लपटें निकलता देख परिसर में रहने वाले लोगों ने पुलिस व फायर कंट्रोल रूम को सूचना दी। पहली मंजिल पर लगी आग को बुझाने के लिए दमकल की नौ गाड़ियों का प्रयोग किया गया। चार घंटे की मशक्कत के बाद आग काबू में आई। इस दौरान कार्यालय में रखी महत्वपूर्ण फाइलें फर्नीचर और कम्प्यूटर जल गए। आग लगने के कारणों का पता लगाया जा रहा है।
मुख्य अग्निशमन अधिकारी विजय सिंह के मुताबिक, 11.45 बजे फायर कंट्रोल रूम पर आग लगने की सूचना आई थी। अग्निशमन कर्मियों को तत्काल भेजा गया। रविवार व दशहरे की छुट्टी होने के चलते कार्यालय बंद था। पहली मंजिल से आग की तेज लपटें उठ रहीं थीं। आग को काबू करने के लिए दरवाजा तोड़कर अंदर दाखिल होना पड़ा। इस बीच आग तेजी से फैलने लगी। फाइलें और फर्नीचर जलने से चारों तरफ धुआं फैल गया था। बिजली सप्लाई भी बंद थी। जिसकी वजह से कुछ दिखाई नहीं दे रहा था।
ऑक्सीजन सिलेंडर लेकर गए अग्निशमन कर्मी
पूरा मंजिल धुएं से भर गया था। आग पर काबू पाने के लिए अग्निशमन कर्मियो को गैस मास्क और आक्सीजन सिलेंडर लेकर जाना पड़ा। जिसके बाद राहत कार्य शुरू हुआ। सीएफओ ने बताया कि अलमारियों में रखी फाइलें पूरी तरह से जल चुकी थीं। ऑफिस चारों तरफ से बंद था। ऐसे में खिड़कियों के शीशे तोड़कर आग पर काबू पाने की कोशिश की गई। इस प्रयास में कई दमकल कर्मी चोटिल भी हुए। शुरुआती जांच में शॉर्ट सर्किट से आग लगने का अंदेशा है। आग पर तीन घंटे बाद करीब तीन बजे काबू पाया जा सका। इस दौरान दमकल की नौ गाड़ियों का प्रयोग किया गया।
ऑफिस बंद होने पर ही क्यों लगती है आग
आग लगने की घटना सवालों के घेरे में है। पिछली बार भी जब 18 मई 2016 को भी कौशल विकास मिशन के दफ्तर में आग लगी थी, तब ऑफिस बंद था जिसमें आधा दर्जन कम्प्यूटर और कई फाइलें जलीं थीं। हादसा सुबह 8.30 बजे के करीब हुआ था। सबसे ज्यादा नुकसान फाइनेंस विभाग को हुआ था। ऐसे में चार साल बाद दशहरे की छुट्टी के दिन फिर से आग लगना और महत्वपूर्ण फाइलों का जलना महज इत्तेफाक है या साजिश। इस बारे में कौशल विकास मिशन के अधिकारी कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है। इतना बड़ा हादसा होने के बाद भी अधिकारी सूचना मिलने के काफी देर बाद मौके पर पहुंचे। तब तक काफी नुकसान हो चुका था।
आग लगने के कारणाें की होगी जांच
कौशल विकास मिशन के दफ्तर में आग किन परिस्थितियों में लगी। इसकी पड़ताल के लिए एक कमेटी गठित की जा रही है। यह बात कौशल मिशन के निदेशक कुणाल शिल्कु ने कही। उन्होंने बताया कि जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी। उधर सीएफओ विजय सिंह ने भी एक टीम बनाई है जो आग लगने के कारण का पता लगाकर अपनी रिपोर्ट देगी जिसे शासन को भेजा जाएगा।