मानकनगर थाना क्षेत्र में रविवार को बाराबिरवा चौराहे पर इडली-डोसे के ठेले में सिलेंडर से गैस लीकेज के चलते आग लग गई। देखते ही देखते सिलेंडर भी लपटों से घिर गया।
सिलेंडर फटने के डर से भगदड़ मचने के साथ ही आसपास का ट्रैफिक भी थम गया। सूचना पर पहुंचे दमकल दस्ते ने आग पर काबू पाया। दुकानदार अवैध रूप से घरेलू सिलेंडर का व्यवसायिक इस्तेमाल कर रहा था।
मानकनगर एसओ अरविंद पांडेय के मुताबिक बरिगांव कृष्णानगर निवासी सूरज बाराबिरवा चौराहे पर इडली-डोसा का ठेला लगाता है। रविवार शाम करीब साढ़े चार बजे सूरज माचिस से चूल्हा जला रहा था।
इस दौरान गैस रिसाव के चलते सिलेंडर से जुड़े पाइप ने आग पकड़ ली। आग बुझाने की कोशिश नाकाम रही और सिलेंडर भी लपटों से घिर गया। इससे आसपास मौजूद लोगों में खलबली मच गई।
सिलेंडर में विस्फोट के डर से आसपास मौजूद लोग गाड़ी छोड़कर दूर जा खड़े हुए। अफरातफरी के चलते यातायात भी रुक गया। आनन-फानन में फायर स्टेशन को सूचना दी गई।
मौके पर पहुंची दमकल की गाड़ी ने आधे घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। गनीमत रही कि सिलेंडर में विस्फोट नहीं हुआ। वहीं, दुकानदार के अवैध रूप से घरेलू गैस सिलेंडर की बात भी उजागर हुई।
राजधानी में अधिकतर चौराहों पर खुलेआम अतिक्रमण देखा जा सकता है। इन पर घरेलू गैस सिलेंडर का इस्तेमाल भी किसी से छिपा नहीं है।
बावजूद इसके न तो पुलिस को अतिक्रमण के चलते होने वाली यातायात की समस्या से कुछ लेना है और नहीं घरेलू गैस का दुरुपयोग जिम्मेदारों को नजर आता है।
इस तरह खुले में खानपान की दुकानें गर्मी में न सिर्फ बीमारी को न्यौता देती है, बल्कि जाम के साथ ही हादसे का कारण भी बन सकती है।