उत्तर प्रदेश को अक्तूबर में 11,670 करोड़ रुपये राजस्व की प्राप्ति हुई है। यह पिछले वर्ष के इसी महीने की तुलना में 997 करोड़ रुपये ज्यादा है। हालांकि, यह कर राजस्व के तहत अक्तूबर तक के लिए तय लक्ष्य का 75 फीसदी और करेत्तर राजस्व में लक्ष्य का 32 प्रतिशत ही वसूली है। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने शनिवार को इसकी जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि कर एवं करेत्तर राजस्व वाले मदों में वित्तीय वर्ष 2021-22 के अक्तूबर में 11,670.12 करोड़ रुपये राजस्व मिला है। जबकि, 2020-21 के अक्तूबर में 10,672.79 करोड़ रुपये ही मिले थे। इस तरह 997.33 करोड़ रुपये अधिक राजस्व की प्राप्ति हुई। उन्होंने बताया कि अक्तूबर तक मुख्य कर मदों में 103833 करोड़ रुपये राजस्व प्राप्ति का लक्ष्य था।
इसके सापेक्ष 77655 करोड़ रुपये की प्राप्ति हुई। यह लक्ष्य का 74.8 प्रतिशत है। इसी तरह करेत्तर राजस्व के मदों में अक्तूबर तक 14244.62 करोड़ रुपये का लक्ष्य था। इसमें 4610 करोड़ की ही वसूली हो पाई है। यह लक्ष्य का 32.4 प्रतिशत है।
वित्त मंत्री ने बताया कि वर्ष 2021-22 में जीएसटी से राजस्व की कमी के कारण केंद्र सरकार से प्रतिपूर्ति प्राप्त हुई है। जून में 1931.03 करोड़ व सितंबर में 1831.02 करोड़ रुपये केंद्र से मिले हैं। यह 3762.05 करोड़ रुपये राजस्व प्राप्तियों के आंकड़ों में शामिल नहीं है। उन्होंने कहा कि राजस्व प्राप्तियों से स्पष्ट है कि कोविड के प्रभाव से अर्थव्यवस्था पूरी तरह से उबरकर पटरी पर आती दिख रही है।
पेट्रोल-डीजल में उम्मीद से ज्यादा राहत, जनता खुश
खन्ना ने कहा है कि केंद्र व राज्य सरकार ने डीजल व पेट्रोल के दाम में 12 रुपये की संदेश देने वाली कटौती की है। लोग 4-5 रुपये राहत की मांग कर रहे थे। सरकार ने उम्मीद से ज्यादा कटौती की है। इससे जनता खुश है। इसका हर जगह स्वागत हो रहा है।
राजस्व प्राप्तियों की स्थिति (करोड़ रुपये में)
अक्तूबर 2020
मद लक्ष्य प्राप्ति
जीएसटी 4877.64 3795.44
वैट 2073.88 1802.83
आबकारी 2250 2403.20
स्टांप-निबंधन 1859.59 1805.79
परिवहन 821.75 580.76
भूतत्व-खनिकर्म 400 284.77
अक्तूबर 2021
जीएसटी 6209.88 4208.56
वैट 2221.13 2150.20
आबकारी 2490 2638.10
स्टांप निबंधन 2044 1868.52
परिवहन 888.25 580.32
भूतत्व एवं खनिकर्म 450 224.42