कोविड-19 टीकाकरण का पूर्वाभ्यास
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कोरोना टीकाकरण की तैयारियों को अंतिम रूप से परखने के लिए 11 जनवरी को फाइनल ड्राई रन में 1500 स्थानों पर 3000 सत्र चलेंगे। एक सत्र में 15 लोगों का पंजीकरण करके टीकाकरण की मॉक ड्रिल की जाएगी। खासतौर से पुलिस, होमगार्ड, आंगनबाड़ी कार्यकर्ती को उनकी भूमिका की जानकारी और प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग ने इसके दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं।
अपर मुख्य सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद ने बताया कि प्रत्येक सत्र में अधिकतम 15 लाभार्थियों को कोविन डमी पोर्टल पर पंजीकृत किया जाएगा। सत्र स्थल पर लाभार्थी के लिए प्रतीक्षालय, टीकाकरण कक्ष और उसके बाद देखरेख के लिए एक कमरा होगा। सभी जगह भूतल पर ही सत्रों का आयोजन करने की सलाह दी गई है। यदि किसी कारण ऊपरी तल पर सत्र होगा तो लिफ्ट या रैम्प की व्यवस्था होना जरूरी होगा। टीकाकरण पूर्वाभ्यास 10 बजे शुरू होगा लेकिन सभी टीमें 9.15 बजे केंद्र पर पहुंचेंगी। सभी लाभार्थियों को टीकाकरण मॉक ड्रिल होने तक सत्र चलेगा। उन्होंने टीम के सभी सदस्यों को प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए हैं। खासतौर से पुलिस, होमगार्ड, आंगनबाड़ी कार्यकत्र्रियों को टीकाकरण के दौरान उनकी भूमिका और जिम्मेदारियों की जानकारी देने के लिए निर्देशित किया गया है।
इसके अलावा सभी टीकाकरण केंद्रों पर वैक्सीन, सिरिंज, एनाफाइलेक्सिस किट और अन्य जरूरी सामान रखने के निर्देश दिए गए हैं। भंडारण, टीकाकरण स्थल तक परिवहन और टीकाकरण सत्र के दौरान भी वैक्सीन की सुरक्षा की जाएगी। एईएफआई के प्रबंधन के लिए जिला व ब्लॉक स्तर के अस्पतालों में लेबललिंग करते हुए किट को रखने, इमरजेंसी और एईएफआई किट को न मिलाने के निर्देश दि गए हैं। साथ ही एईएफआई प्रबंधन के लिए चिकित्सक व अन्य स्टाफ को भी चिन्हित किया जाएगा। इस पूरे अभियान में आईएमओ और एनजीओ आदि की मदद लेने के लिए भी डीएम और सीएमओ को निर्देशित किया गया है।
17 जनवरी को नेशनल इम्यूनाइजेशन डे
प्रदेश में 17 जनवरी को नेशनल इम्यूनाइजेशन डे मनाया जाएगा। इस दिन पांच साल तक के बच्चों को पोलियो की दवा पिलाई जाएगी। इसके बाद बच्चों को घर-घर जाकर पोलियो वैक्सीन पिलाने का अभियान चलेगा।